परिवहन विभाग के पूर्व सिपाही सौरभ शर्मा पर लोकायुक्त और आयकर विभाग की कार्रवाई तीसरे दिन भी जारी है। कार्रवाई के दौरान करोड़ों की संपत्ति का खुलासा हुआ है। वहीं, कई नई चीजें भी निकल कर सामने आ रही हैं। सौरभ शर्मा का 'कालेधन का कारोबार' भोपाल ही नहीं मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में फैला है। उसमें कई बड़े रसूखदारों के हिस्सेदारी की बात भी सामने आ रही है। हालांकि, लोकायुक्त पुलिस अभी उन नामों का खुलासा नहीं कर रही है, जांच जैसे जैसे आगे बढ़ेगी वैसे वैसे यह नाम सामने आएंगे। शर्मा के घर मिले बेनामी संपत्तियों के दस्तावेजों के आधार पर उनके मालिकों से भी पूछताछ कर असल मालिक का पता लगाया जाएगा।
ललितपुर-राजगढ़ परियोजना में मत्स्य पालन का ठेका
लोकायुक्त की छापेमारी में सौरभ शर्मा ललितपुर-राजगढ़ बांध परियोजना में मत्स्य पालन का काम कर रहा है। लोकायुक्त पुलिस ने अब इस काम के लिए पैसा कितना लगाया और वह कहां से आया, इसकी जांच शुरू कर दी है। साथ ही शाहपुरा बी सेक्टर में 20 हजार वर्ग मीटर जमीन पर जयपुरिया नाम से बन रहे स्कूल की जमीन एक समिति के नाम पर है। इसमें उसके साथ काम करने वाले चेतन सिंंह गौर, शरद जायसवाल जैसे लोग भी सदस्य हैं। 2002 में बनी इस समिति की जानकारी भी खंगाली जा रही है।
मां बोली— पत्नी के साथ मुंबई गया है सौरभ
सौरभ के अरेरा कॉलोनी स्थित घर पर उसके 11 और 8 साल के दो बेटे अपनी दादी के साथ हैं। सौरभ की मां का कहना है कि बेटा उसकी पत्नी के साथ मुंबई गया है। उन्होंने बताया कि सौरभ स्कूल के फ्रेंचाइजी लेने गया है, जबकि यह भी जानकारी मिली है कि सौरभ दुबई में है। वहीं, लोकायुक्त के अधिकारियों का कहना है कि उसके दोनों मोबाइल बंद है। अब सर्चिंग के बाद सौरभ के बारे में भी पता किया जाएगा कि वह कहां है?
गाड़ी मेरे नाम पर, उपयोग सौरभ करता है
लोकायुक्त की पूछताछ में उसके साथी चेतन सिंह गौर ने बड़ा खुलासा किया है। सूत्रों के अनुसार चेतन सिंह गौर ने पूछताछ में कबूल किया है कि गाड़ी उसके नाम पर है, लेकिन उसका उपयोग सौरभ करता था।
परिजनों और परिचितों को भी आरोपी बनाने की तैयारी
अब लोकायुक्त सौरभ शर्मा के घर मिले प्रॉपर्टी के दस्तावेजों के आधार पर उसके परिजनों, कर्मचारियों और अन्य लोगों को भी बेनामी संपत्ति मामले में आरोपी बनाने की तैयारी कर रही है। लोकायुक्त अब संबंधित लोगों को उनकी आय के स्त्रोत को लेकर पूछताछ करेगी। इसके लिए उन्हें नोटिस जारी किया जाएगा।
अब तक की जांच में बेशुमार दौलत मिली
बता दें, गुरुवार की रात को भोपाल के समीप एक गांव में आरटीओ लिखी और दो हूटर लगी इनोवा कार से इनकम टैक्स की टीम ने 52 किलो सोना और करीब 10 करोड़ रुपये नकद जब्त किए हैं। यह कार सुनसान इलाके में लावारिस खड़ी हुई थी। कार में मिला सोना और नकदी सौरभ शर्मा का ही होने का शक जताया जा रहा है।
सौरभ शर्मा के ठिकानों से 7.98 करोड़ कीमत का सामान, नगदी, आभूषण जब्त
मप्र लोकायुक्त ने शनिवार को विज्ञप्ति जारी कर बताया कि सौरभ शर्मा के घर और कार्यालय से जब्त नगदी, सोना और अन्य सामग्री को लेकर जानकारी शेयर की है। 18, 19 और 20 दिसंबर को सर्च के दौरान सौरभ शर्मा के घर और कार्यालय से कुल 7 करोड़ 98 लाख रुपए की सामान, आभूषण, चांदी व नगदी मिली है। जानकारी के अनुसार सौरभ शर्मा के अरेरा कॉलोनी स्थित मकान नंबर ई-7/78 की सर्च में वाहन और घर के सामान की कीमत दो करोड़ 21 लाख, सोना व हीरों के आभूषण की कीमत 50 लाख, नगद 1 करोड़ 15 लाख कुल 3 करोड़ 86 लाख रुपए का सामान, नगदी और आभूषण जब्त किए गए हैं।
चेतन गौर के पास से यह मिला
वहीं, सौरभ के कार्यालय, जहां उसका सहयोगी चेतन सिंह गौर के निवास ई-7/657 पर घर का सामान कीमत 30 लाख रुपये, नगद 1 करोड़ 72 लाख, चांदी 234 किलो 2 करोड़ 10 लाख कुल 4 करोड़ 12 लाख कीमत के आभूषण, नगदी और सामान जब्त किया है। इसके अलावा जांच एजेंसी को प्रॉपर्टी और अन्य दस्तावेज भी मिले हैं। उनका परीक्षण आगे किया जाएगा।