पृथ्वी 27 अगस्त को सूर्य और शनि के बीच पहुंचेगी। इस तरह शनि, पृथ्वी और सूर्य तीनों एक सीधी रेखा में रहेंगे। इस समय शनि पृथ्वी के सबसे समीप होगा, जिससे यह अपेक्षाकृत अधिक चमकीला महसूस होगा।
सारिका घारू ने बताया कि इस पोजिशन में भी पृथ्वी से शनि की दूरी लगभग 131 करोड़ और नौ लाख किमी होगी। शनि से प्रकाश को आप तक पहुंचने में लगभग 73 मिनट लगते हैं। इसका रिंग 8.2 डिग्री के कोण पर जुखा दिखेगा। शनि और सूर्य की दूरी पृथ्वी के मुकाबले लगभग साढ़े नौ गुना अधिक है। इस वजह से शनि के अपोजिशन की इस घटना में कोई चमत्कारिक अंतर नहीं आता। लगभग एक साल में एक बार होने वाली खगोलीय घटना अगले साल 8 सितंबर को देखने को मिलेगी।