रायबरेली में मंगलवार को जिला अस्पताल में मृतक श्रमिक के रोते बिलखते परिजन।
रायबरेली। क्षेत्र में मंगलवार को गड्ढे में उतरकर पाइपलाइन के लीकेज को ठीक करने के दौरान एक कर्मचारी की मौत हो गई। गड्ढे की खोदी गई मिट्टी में वे दब गए। उन्हें बाहर निकालकर जिला अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। घटना से लोग और कर्मचारी आक्रोशित हो उठे।
नगर पालिकाध्यक्ष शत्रोह्न सोनकर और अधिशासी अधिकारी स्वर्ण सिंह ने जिला अस्पताल पहुंचकर परिजनों से घटना की जानकारी ली और लोगों को शांत कराकर पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद करने के एलान किया।
गुरुबख्शगंज थाना क्षेत्र के पूरे वाजपेयी मजरे किलौली गांव निवासी चंद्रभूषण (50) नगर पालिका में आउटसोर्सिंग के तहत कर्मचारी पद पर तैनात थे। देवानंदपुर मोहल्ले में पानी की पाइपलाइन में लीकेज हो गई थी। जिसकी मरम्मत करने के लिए चंद्रभूषण देवानंदपुर गया थे। जानकारी के अनुसार जहां पर लीकेज था, उस स्थान पर पहले जेसीबी से खुदाई कर दी गई। गहरा गड्ढा होने पर चंद्रभूषण नीचे उतरकर लीकेज ठीक कर रहे थे। इसी दौरान खोदी गई मिट्टी जो ऊपर रखी थी, वह भरभराकर चंद्रभूषण के ऊपर ढह गई। वे बाहर निकलने का प्रयास करने लगे, लेकिन मिट्टी के नीचे वे दब गए। आसपास के लोगों ने मिट्टी हटाकर उन्हें बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने पहुंचकर शव को कब्जे में लिया। मिल एरिया थाना प्रभारी संजय कुमार सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर प्रकरण में कार्रवाई की जाएगी।
परिवार में मचा कोहराम
चंद्रभूषण की मौत से परिवार में कोहराम मच गया है। मृतक कर्मचारी की पत्नी मंजू देवी, बेटे बृहस्पति वाजपेयी, दो बेटियां छोटे भाई प्रांशू वाजपेयी हैं। एक बेटी की शादी हो चुकी है। छोटी बेटी अंजली है। बड़े बेटे बृहस्पति ने बताया कि पिता करीब 25 साल से नगर पालिका में नौकरी कर रहे थे। यह घटना लापरवाही से हुई है। इसकी जांच होनी चाहिए। साथ ही आर्थिक मदद दी जानी चाहिए।
पांच लाख रुपये के साथ बेटे को मिलेगी नौकरी
नगर पालिकाध्यक्ष शत्रोह्न सोनकर ने बताया कि पीड़ित परिवार को पांच लाख रुपये की आर्थिक मदद दी जाएगी। साथ ही उनके बेटे को नगर पालिका में कंप्यूटर ऑपरेटर की नौकरी भी दी जाएगी। उन्होंने बताया कि पीड़ित परिवार की हर संभव मदद की जाएगी। उन्हें किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी।