लखनऊ। गुडंबा में मंगलवार को सहरी में चिकन-बिरयानी न मिलने से नाराज 18 वर्षीय रुकसार बानो ने फंदे से लटककर खुदकुशी कर ली। उधर, शराब पीने को लेकर घर में झगड़े के बाद नगर निगम के संविदाकर्मी 40 वर्षीय कन्हैया ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। गुडंबा थाना के उपनिरीक्षक धनंजय तिवारी ने बताया कि रुकसार बानो सुभाषनगर में शिमना टॉवर के पास मिर्जा बेग के मकान में मां हसीना बानो के साथ रहती थी। उसके पिता शब्बीर का इंतकाल हो चुका है। मां-बेटी किसी तरह गुजारा करती थीं। मंगलवार सुबह करीब आठ बजे पुलिस को रुकसार के खुदकुशी करने की सूचना मिली। पुलिस मौके पर पहुंची तो रुकसार कर शव घर में लोहे के एंगल से बंधे दुपट्टे से लटका मिला। हसीना बानो ने बताया कि सुबह करीब चार बजे सहरी के वक्त रुकसार ने चिकन-बिरयानी बनाने को कहा था। चिकन नहीं था इसलिए हसीना बानो ने दाल बना दी। रुकसार को दाल पसंद नहीं थी, इसलिए वह नाराज हो गई और सहरी नहीं की। कुछ देर बाद खा-पीकर हसीना बानो लेट गई। सुबह आठ बजे उनकी आंख खुली तो बेटी को फंदे से लटका देख चीख पड़ीं। पुलिस ने बताया कि रुकसार कक्षा पांच तक पढ़ी थी। दूसरी तरफ, ठाकुरगंज के रज्जबगंज निवासी नगर निगम जोन तीन में संविदा पर बिजली का काम करने वाले 40 वर्षीय कन्हैयालाल ने मंगलवार दोपहर फंदे से लटककर खुदकुशी कर ली। उपनिरीक्षक शशि प्रकाश सिंह ने बताया कि मंगलवार सुबह कन्हैयालाल शराब के नशे में घर आया जिस पर उसकी परिवारीजनों से कहासुनी हो गई। इससे नाराज होकर कन्हैयालाल मकान के ऊपरी हिस्से में बने कमरे में चला गया। कुछ देर बाद बेटा अनिकेत प्रताप सिंह उसे बुलाने गया तो कन्हैयालाल पंखे के कुंडे में अंगौछे से बने फंदे से लटकता मिला। पुलिस कन्हैयालाल को अस्पताल ले गई, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने बताया कि कन्हैयालाल के दो बेटे हैं।