लखनऊ। नाटक 'दयाशंकर की डायरी' ने एक युवा की संघर्षपूर्ण यात्रा को संवेदनशील ढंग से प्रस्तुत किया। इसका मंचन शनिवार को अंतरराष्ट्रीय बौद्ध संस्थान में किया गया। यह नाटक महानगर की चमक-दमक के पीछे छिपे संघर्षों को दिखाता है। इसमें असफलताओं, उम्मीदों और रिश्तों को तलाशते युवा की कहानी है। रंग संस्था की ओर से इसका मंचन हुआ। वरिष्ठ रंग निर्देशक राजा अवस्थी ने इसका निर्देशन किया। अभिनेता अम्बरीश बॉबी ने दयाशंकर की भूमिका निभाई। नाटक आज के उन युवाओं से जुड़ता है जो छोटे शहरों से बड़े शहर आते हैं। वे अपने सपनों को साकार करने का प्रयास करते हैं। अम्बरीश बॉबी ने कहा कि यह चरित्र घर से दूर निकले युवाओं की भावनाओं को सामने लाता है।
मंचन करता कलाकार।
मंचन करता कलाकार।
मंचन करता कलाकार।
मंचन करता कलाकार।
मंचन करता कलाकार।