लखनऊ। लखनऊ विवि के रसायन विज्ञान विभाग और थाइम की ओर से प्रतिस्पर्धी परिदृश्य में सफलता के लिए रणनीति पर शोध दृश्यता और प्रभाव बढ़ाने वाली कार्यशाला हुई। विभागाध्यक्ष प्रो. अनिल मिश्रा ने कहा, शैक्षणिक और वैज्ञानिक वातावरण में केवल गुणवत्तापूर्ण शोध करना ही पर्याप्त नहीं है। यह सुनिश्चित करने के लिए भी काम करना चाहिए कि उनके कार्य को दृश्यता और मान्यता मिले, जिसके वह हकदार हैं। इस दौरान समन्वयन विभाग की ओर से डॉ. नीरज कुमार मिश्रा, डॉ. विनय कुमार सिंह, थाइम से विनीत शर्मा, रसायन विज्ञान पत्रिका के अधिग्रहण संपादक डॉ. रोहित भाटिया मौजूद रहे।