रायबरेली। शहर के रेलवे स्टेशन रायबरेली पर करीब 20 दिन से खराब एस्केलेटर को ठीक करने के लिए मरम्मत कार्य शुरू करा दिया गया है, लेकिन अभी एस्केलेटर की सुविधा नहीं मिल सकेगी। वजह अभी सिर्फ एस्केलेटर की मरम्मत कराई गई है। शेड से पानी टपकने की समस्या दूर नहीं हो सकी है।
रेलवे स्टेशन पर रोजाना 30 से 35 ट्रेनें रुकती हैं, जिनसे सफर करने वाले यात्रियों की संख्या औसतन 25 हजार है। लखनऊ की ओर से आने वाली ट्रेनों का स्टॉपेज प्लेटफार्म नंबर दो या तीन पर होता है, जिससे यात्रियों को प्लेटफार्म बदलना पड़ता है। पैदल पुल की सीढि़यां चढ़ने-उतरने में जिन यात्रियों को दिक्कत होती है, उनकी सुविधा के लिए प्लेटफार्म नंबर एक पर स्वचालित सीढि़यां (एस्केलेटर) लगाई गई है।
प्लेटफार्म नंबर एक पर चढ़ने और उतरने के लिए दो अलग-अलग एस्केलेटर लगाए गए हैं। करीब 20 दिन पहले हुई तेज बारिश में शेड से पानी टपकने लगा, जो एस्केलेटर के नीचे तक पहुंचने लगा। यात्रियों की शिकायत पर एस्केलेटर बंद करा दिया गया। पानी टपकने से उपकरणों के खराब होने का अंदेशा भी बना रहा। एस्केलेटर लगाने वाली संस्था के साथ ही रेलवे की निर्माण इकाई को भी समस्या दूर करने के लिए कहा गया।
शनिवार को एस्केलेटर लगाने वाली संस्था की टीम आई और मरम्मत कार्य किया। अभी निर्माण इकाई के लोग नहीं आए हैं। इसलिए एस्केलेटर को चालू नहीं किया जा सका है। रेलवे के विद्युत अवर अभियंता एसएम मीणा ने बताया कि एस्केलेटर की मरम्मत हो गई है। ऊपर लगे शेड को सही कराना बहुत जरूरी है। जैसे ही निर्माण इकाई के लोग शेड ठीक कर पानी टपकने की समस्या दूर कर देंगे, एस्केलेटर को चालू करा देंगे।
लिफ्ट का संचालन शुरू
शहर के रेलवे स्टेशन रायबरेली के प्लेटफार्म नंबर एक और दो-तीन पर लगी लिफ्ट भी पिछले 20 दिन से बंद थी। लिफ्ट के अंदर पानी टपकने की समस्या को देखते हुए इसे बंद कर दिया गया था। इस बाबत रेलवे की निर्माण इकाई को अवगत कराया गया था, लेकिन समस्या दूर नहीं कराई जा रही थी। शनिवार को लिफ्ट शुरू करा दी गई, जिससे यात्रियों को थोड़ी राहत मिली है।
अवर अभियंता एसएम मीणा का कहना है कि लिफ्ट में पानी टपकने की समस्या थी, जिससे लिफ्ट बंद कर दी गई थी। निर्माण इकाई ने लिफ्ट के ऊपरी शेड को सही करा दिया है, जिससे पानी टपकने की समस्या दूर होते ही लिफ्ट चालू करा दी गई है। दोनों प्लेटफार्मों पर यात्रियों को लिफ्ट की सुविधा मिलने लगी है।