लखनऊ। सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते पर रोक के फैसले के खिलाफ रेलकर्मियों ने मोर्चा खोल दिया है। उत्तरीय रेलवे मजदूर यूनियन के मंडल अध्यक्ष कारखाना मंडल जगदम्बा तिवारी ने बताया कि आदेश बिल्कुल भी उचित नहीं है। ऐसे समय में कर्मचारियों के भत्तों में कटौती करना कर्मचारियों के मनोबल को गिराने जैसा है। फ्रीज़ किया गया यह महंगाई भत्ता ,औसतन 40 से 45 दिन के वेतन के बराबर पड़ेगा। परिस्थितियों को देखते हुए रेलकर्मचारी पहले ही अपना एक दिन का वेतन पीएम केयर फंड में दे चुके हैं। यूनियन भारत सरकार के ऐसे किसी भी निर्णय का विरोध करती है और सदैव करती रहेगी, जो कर्मचारी विरोधी हों l यह न्यायोचित होगा कि भारत सरकार डीए फ्रीज के फैसले पर पुनर्विचार करे और पुरानी व्यवस्था फिर से बहाल करे l