लखनऊ। अमौसी एयरपोर्ट पर कस्टम टीम की कस्टडी से भागे 29 तस्करों के मामले की जांच-पड़ताल चौथे दिन शुक्रवार को भी सुस्त रही।
एयरपोर्ट प्रशासन की ओर से अभी तक पुलिस को सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध नहीं कराए गए हैं। दूसरी ओर, शुक्रवार को सरोजनीनगर थाने की दो पुलिस टीमों ने कस्टम अफसरों के साथ रामपुर के टांडा में तस्करों के ठिकानों पर छापा मारा, पर घरों पर ताले लटके मिले। तस्करों के परिजन भी नहीं मिले। टीम ने तस्करों के घरों पर नोटिस चस्पा कर दिया है।
पड़ोसियों के मुताबिक, तस्करों के लखनऊ से फरार होने की सूचना के बाद उनके परिजन भी भाग निकले। तस्करों को उमरा के नाम पर कस्बे के ही एक सरगना ने भेजा था। आने-जाने व ठहरने का खर्च के साथ लौटने पर मोटी रकम देने का वादा किया था। इसके अलावा लखनऊ जेल में बंद छह तस्करों से भी कस्टम की टीम ने पूछताछ की है।
बता दें कि गत सोमवार को शारजाह से सुबह सात बजे इंडिगो की फ्लाइट से 36 तस्कर एयरपोर्ट पहुंचे थे। उनके पास विदेशी सिगरेट और सोना होने की सूचना डायरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलीजेंस (डीआरआई) ने दी थी। इसके आधार पर कस्टम ने तस्करों से पूछताछ की। उनके पास से 3.13 करोड़ रुपये की विदेशी सिगरटें भी बरामद की गईं, लेकिन सोना नहीं मिला था। कस्टम की टीम ने दो दिनों तक पूछताछ की, लेकिन सोना नहीं बरामद कर पाईं। मंगलवार शाम एक तस्कर के बेहोश होने की आड़ में 29 तस्कर भाग निकले थे। शेष बचे तस्करों को कस्टम ने जेल भेज दिया था। इनमें से एक के पेट से 50 ग्राम सोना बरामद किया था। मामले में लापरवाही बरतने पर कस्टम के एक अधीक्षक, पांच इंस्पेक्टर और दो कांस्टेबलों को सस्पेंड कर दिया गया था।
फुटेज दें तो साफ हो कहानी
सीआईएसएफ जवानों को धक्का देकर तस्कर एयरपोर्ट से भाग गए थे, यह कहानी बताई जा रही है। पर, वाकई में ऐसा हुआ या नहीं, फुटेज मिलने पर ही साफ हो सकेगा। हकीकत जानने के लिए एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 के आगमन गेट से लेकर परिसर के शेष हिस्से की सीसीटीवी फुटेज मांगी गई हैं। एडीसीपी साउथ शशांक सिंह का कहना है कि घटना से संबंधित फुटेज अभी तक नहीं मिली हैं। वहीं, सूत्र बताते हैं कि इंस्पेक्टर ने एयरपोर्ट परिसर में जाकर सीसीटीवी कैमरे जांचे हैं, वहां पर किसी भी तरह की असामान्य गतिविधि नहीं मिली है।
निरस्तीकरण के लिए भेजे गए पासपोर्ट
तस्कर मो. कासिफ के साथ छह तस्करों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया है। शुक्रवार को जेल में कस्टम की टीम ने इनसे पूछताछ की। साथ ही तस्करों के जब्त पासपोर्टों को कैंसिल कराने के लिए विभाग को भेजा है।