पंजाबी एकेडमी ने प्रदेश के विश्वविद्यालयों में पंजाबी भाषा पढ़ाए जाने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा है। एकेडमी के उपाध्यक्ष इकबाल सिंह ने बताया कि यूपी के किसी भी विश्वविद्यालय या महाविद्यालय में पंजाबी नहीं पढ़ाई जाती है। जबकि, लखनऊ और रूहेलखंड क्षेत्र में पंजाबियों और सिखों की संख्या बहुत ज्यादा है। इसलिए हमने शासन को डिग्री कोर्स में वैकल्पिक रूप से पंजाबी भाषा शामिल करने का प्रस्ताव भेजा है। उन्होंने कहा कि शीघ्र ही इस संबंध में हम राज्यपाल से भी मिलेंगे।