रायबरेली। जिले के किसानों को आलू की बोआई करने के लिए अच्छे किस्म के बीज के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। शासन से जिले को 1500 क्विंटल आलू बीज आवंटित किया गया है। इसके साथ आलू बीज के रेट में एक हजार रुपये की कटौती भी की है।
जिले में 6100 हेक्टेयर क्षेत्रफल में आलू की खेती होती है। सलोन क्षेत्र में आलू की खेती सबसे अधिक होती है। इसलिए सलोन को मिनी फर्रुखाबाद कहा जाता है। किसानों ने आलू की खेती की तैयारी शुरू कर दी है। जिले में आलू की खेती करने वाले करीब 40 हजार किसानों के लिए 1500 क्विंटल आलू बीज का आवंटन किया गया है। आधारित प्रथम (एफ-1) बीज के रेट 2325 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है। पहले बीज का दाम 3325 रुपये प्रति क्विंटल था।
सलोन में होती सिंदुरी प्रजाति के आलू की खेती
जिले के सलोन क्षेत्र में सिंदूरी प्रजाति (लाल) के आलू की खेती सबसे ज्यादा होती है। इसके अलावा राही, लालगंज, अमावां व अन्य क्षेत्रों में आनंद व चिपसोना प्रजाति के आलू की खेती की जाती है।
17 तक आ जाएगा आलू बीज
जिले के लिए शासन से आलू बीज आवंटित कर दिया गया है। यह बीज 17 अक्तूबर तक आ जाएगा। इसके बाद किसानों में आलू का वितरण कराया जाएगा। -केशवराम चौधरी, जिला उद्यान अधिकारी