लखनऊ। 12 हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किए गए नगर निगम जोन दो के राजस्व निरीक्षक सुबोध कुमार वर्मा की जमानत अर्जी भ्रष्टाचार निवारण के विशेष न्यायाधीश अजय श्रीवास्तव ने खारिज कर दी।
कोर्ट में सरकारी वकील कमल अवस्थी और महेश त्रिपाठी ने आरोपी राजस्व निरीक्षक की जमानत का विरोध करते हुए बताया कि मामले में शिकायतकर्ता मोनू राजपूत ने आठ नवंबर को भ्रष्टाचार निवारण संगठन के एसपी से शिकायत की थी। इसमें बताया था कि उनकी मां सुनीता राजपूत ने एक मकान खरीदा था। नगर निगम जोन दो के कार्यालय में ये मकान सुनीता के नाम दर्ज कराने के लिए आवेदन किया था। इसके लिए जोन दो के राजस्व निरीक्षक सुबोध कुमार वर्मा ने पहले 30 हजार रुपये की मांग की। फिर 12 हजार रुपये में काम करने के लिए तैयार हो गया है। इस पर भ्रष्टाचार निवारण संगठन की टीम ने राजस्व निरीक्षक सुबोध कुमार को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ उसके कार्यालय से गिरफ्तार कर लिया था।