बलरामपुर अस्पताल की बर्न यूनिट में एक बार फिर मरीजों को मुकम्मल इलाज मिल सकेगा। अभी तक विशेषज्ञ न होने से सर्जन के भरोसे ही यूनिट संचालित हो रही थी। अस्पताल प्रशासन ने स्थानांतरित हो चुके विशेषज्ञ को वापस बुलाने संग दो सीनियर रेजीडेंट की भी मांग शासन से की है।
बलरामपुर की बर्न यूनिट में दस बेड पर मरीजों की भर्ती हो रही है। अस्पताल में पूर्व में तैनात प्लास्टिक सर्जनों के तबादले व रिटायरमेंट के बाद से यूनिट सर्जन संचालित कर रहे थे। गंभीर रूप से झुलसे मरीजों को यहां भर्ती करने के बजाय सिविल या केजीएमयू रेफर कर दिया जाता था। बीते साल यहां के प्लास्टिक सर्जन डॉ. अतुल मेहरोत्रा का तबादला हो गया था, जिसके बाद विभाग में एक भी प्लास्टिक सर्जन नहीं बचा था। सीएमएस डॉ. जीपी गुप्ता ने बताया कि डॉ. अतुल अस्पताल में वापस आ रहे हैं।
डीएनबी की दो सीटें मिलीं
डॉ. जीपी गुप्ता ने आगे बताया कि इसके अलावा डीएनबी कोटे से अस्पताल को दो और सीटें मिली हैं, जो एनेस्थीसिया विभाग के लिए हैं। ऐसे में अस्पताल को एनेस्थीसिया के दो डॉक्टर और मिल जाएंगे। इससे वेंटिलेटर यूनिट व ऑपरेशन की संख्या में इजाफा होगा।