लखनऊ। शहर में नगर निगम और एलडीए की जमीनों पर प्रापर्टी डीलर नजरें लगाए बैठे हैं और उन्हें महंगे-सस्ते दामों में बेच रहे हैं। इन जमीन पर जब इमारत बनाकर तैयार हो जाती है, तब कहीं अफसरों जमीन खाली कराने की सुध आती है। एक ऐसा ही मामला लुलु मॉल के सामने का है।
नगर निगम की 20 करोड़ रुपये की जमीन पर कब्जा प्रापर्टी डीलर ने दीवार और नींव भरवा दी और विभाग को भनक तक नहीं हुई। कुछ दिन बाद जब दो प्रापर्टी डीलर भिड़े, एफआईआर हुई और जांच के लिए टीम पहुंची तो मालूम चला जमीन को नगर निगम की है। सोमवार को नगर निगम की टीम ने दीवार व नींव को विरोध के बीच ध्वस्त करा कर अपना कब्जा ले लिया है।
नगर निगम के नायब तहसीलदार नीरज कटियार ने बताया कि सरकारी जमीन को प्रापर्टी डीलरों ने बेच दिया है उसका पता तब चला जब दो प्रापर्टी डीलर आप में लड़ गए। एक एफआईआर भी दर्ज हुई। जांच में पता चला कि जिस जमीन नगर निगम की है, जो सीमा विस्तार होने के बाद शामिल हुई है। जमीन की जांच सरोजनीनगर तहसील से भी कराई गई। इसमें 101,682 वर्ग फीट जमीन नगर निगम की निकली। सोमवार को कब्जा ढहा दिया गया है।