पुलिस महानिदेशक एस एन साबत ने शनिवार शाम को आलमबाग स्थित कारागार मुख्यालय पर महानिरीक्षक कारागार के रूप में कार्यभार ग्रहण कर लिया। अभी तक वह यूपी पावर कार्पोरेशन लिमिटेड में डीजी के पद पर तैनात थे। कार्यभार ग्रहण करने के बाद उन्होंने मुख्यालय का निरीक्षण किया। उनके साथ अपर महानिरीक्षक चित्रलेखा सिंह व डीआईजी जेल मुख्यालय एके सिंह भी मौजूद रहे। निरीक्षण के दौरान उन्होने वीडियो वाॅल पर विभिन्न जेलों मे निरुद्ध बंदियों की गतिविधियों को देखा।
आईजी जेल/डीजी एसएन साबत शनिवार शाम करीब 4.30 बजे जेल मुख्यालय पहुंचे। उन्होंने अपर महानिरीक्षक जेल चित्रलेखा सिंह व लखनऊ रेंज एवं मुख्यालय डीआईजी जेल एके सिंह के साथ संक्षिप्त बैठक की। उन्होंने बैठक में विभागीय मुद्दों पर मातहतों से चर्चा की।
इसके बाद साबत ने मुख्यालय पर स्थापित वीडियो वाॅल का निरीक्षण करने के साथ ही लखनऊ,बरेली,प्रयागराज,बांदा व कासगंज समेत डेढ़ दर्जन जेलों में बंद टाप 20 बंदियों की निगरानी की समीक्षा की। इसके अलावा संगठित अपराध के मामलों मे जेलों मे बंद कुख्यात माफियाओं की हर हाल मे 24 घंटे सख्त निगरानी कराने के लिए डीआईजी जेल एके सिंह को निर्देश दिए।
1990 बैच के वरिष्ठ आईपीएस अफसर साबत ने कहा कि प्रदेश की जेलों में अनुशासन कायम रखते हुए बंदी कल्याण पुनर्वास ही उनकी पहली प्राथमिकता है। जेलों मे बंद पेशेवर व शातिर अपराधियों की बैरकों की समय-समय पर तलाशी कराने के निर्देश दिए। साबत पुलिस अफसर के साथ ही एक अच्छे लेखक भी हैं। कई जिलों के एसपी रहने के साथ ही वह मिर्जापुर व कानपुर रेंज के डीआईजी रहे। वहीं प्रयागराज व लखनऊ जोन के एडीजी के रूप मे भी अपनी सेवाएं दीं। इसके लिए उन्हे राष्ट्रपति द्वारा विशिष्ट सेवा का पुलिस पदक से नवाजा गया।