लखनऊ।
प्रधानमंत्री आवास योजना में मकान बना कर देने का झांसा देकर 18 लोगों से करीब दस लाख रुपये की धोखाधड़ी की गई। आरोप देवांचल इंफ्रा के निदेशक और उनके कर्मचारियों पर लगा है। इस संबंध में गुडंबा थाने में 6 के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
जानकीपुरम सेक्टर-जी निवासी राघवेंद्र तिवारी रहते हैं। उनके मुताबिक देवांचल इंफ्रा के एमडी मनीष श्रीवास्तव ने पैकरामऊ में प्रधानमंत्री आवास बनाने की स्कीम निकाली थी। फर्म में कार्यरत एजेंटों ने राघवेंद्र के साथ राजीव अग्निहोत्री, कंचना पांडेय, वन्दना, दिव्यांशी पांडेय, हर्षिका, सोनू शुक्ल, प्रीती, जूली, धीरेंद्र तिवारी, पुष्पलता, अरुणेश, जगमोहन, शुभी, मो. शरीफ, राम, बेटी और शिवकुमार से प्रति व्यक्ति 51 हजार रुपये जमा कराए गए। करीब तीन साल तक इंतजार करने के बाद भी मकान का निर्माण नहीं हुआ। रुपये वापस मांगने पर पीड़ितों के साथ गाली-गलौज की गई। शुक्रवार को गुडंबा थाने में देवकुश, विवेकानन्द, जय प्रकाश, मनीष श्रीवास्तव, वेद प्रकाश और वीरेंद्र कुमार शर्मा के खिलाफ गुडंबा थाने में केस दर्ज किया गया है।