सूत्रों के मुताबिक जिन 20 अन्य कॉलेजों के संचालकों को नोटिस भेजा गया है, वे लखनऊ, बाराबंकी, हरदोई, सीतापुर, कानपुर के हैं। दरअसल, छात्रवृत्ति घोटाले की जांच के लिए लखनऊ, हरदोई, फर्रुखाबाद के दस कॉलेजों में छापा मारा था।
छात्रवृत्ति घोटाले की जांच के दायरे में लखनऊ और उसके आसपास के 30 कॉलेज आ गए हैं। प्रारंभिक चरण में दस कॉलेजों की जांच कर रहे प्रवर्तन निदेशालय को कई ऐसे अहम सुराग मिले हैं, जिससे 20 अन्य कॉलेजों में भी फर्जी बैंक खाते खोलकर छात्रवृत्ति हड़पने की पुष्टि हुई है। इन सभी कॉलेज संचालकों को नोटिस देकर पूछताछ के लिए तलब किया जा रहा है।
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सूत्रों के मुताबिक जिन 20 अन्य कॉलेजों के संचालकों को नोटिस भेजा गया है, वे लखनऊ, बाराबंकी, हरदोई, सीतापुर, कानपुर के हैं। दरअसल, छात्रवृत्ति घोटाले की जांच के लिए लखनऊ, हरदोई, फर्रुखाबाद के दस कॉलेजों में छापा मारा था। इसकी पड़ताल और आरोपियों से पूछताछ में कुछ अन्य कॉलेजों में भी इसी तरह का फर्जीवाड़ा होने के सुराग मिले हैं।
वहीं, हाइजिया फॉर्मेसी कॉलेज के कर्मचारी रवि प्रकाश गुप्ता ने भी अपने बयान में तमाम कॉलेजों के नाम बताए, जहां पर उसने फर्जी खाते खोलने के लिए फिनो पेमेंट बैंक के एजेंट भेजे थे। तत्पश्चात ईडी के अधिकारियों ने एेसे कॉलेजों की फेहरिस्त तैयार कर उनको नोटिस भेजना शुरू कर दिया है।
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अल्पसंख्यक विभाग के अफसर नहीं कर रहे सहयोग
वहीं दूसरी ओर छात्रवृत्ति घोटाले की जांच में अल्पसंख्यक विभाग के अधिकारी सहयोग नहीं कर रहे हैं। ईडी की तरफ से भेजे गए दस्तावेज देने और पूछताछ के लिए आने से तमाम अधिकारी कतरा रहे हैं। इनमें कुछ पीसीएस अफसर भी शामिल हैं। अब ईडी उनको दोबारा नोटिस देकर तलब करने की तैयारी में है।