इमाम मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली
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शब ए बरात और होली के त्योहार के मददेनजर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने ईदगाह में उलमा के साथ बैठक कर सुरक्षा व्यवस्था व अन्य तैयारियों को लेकर विचार विमर्श किया। इस मौके पर शब ए बरात एक ही दिन पड़ने पर अमन व शांति बनाये रखने की अपील की गई।
इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया के चेयरमैन एवं ईदगाह के इमाम मौलाना खादिल रशीद फरंगी महली ने कहा कि शब ए बरात और होली एक ही दिन सात मार्च को हैं। हिंदू और मुसलमानों के लिये ये त्योहार काफी अहमियत रखते हैं। उन्होंने कहा कि शब ए बरात में मुसलमान अपने पुरखों की मगफिरत की दुआ और उनको पुरसा देने के लिये कब्रिस्तान जाते हैं।
वहीं हिन्दुों के होली खुशी मनाने का त्योहार है। मौलाना ने कहा कि पिछले साल भी शब ए बरात और होली का त्योहार एक ही दिन पड़ा था। दोनों समुदाय ने समझदारी का सुबूत पेश करते हुये अमन के साथ त्योहार मनाकर मिसाल पेश की थी। मौलाना ने कहा कि दोनों समुदाय के लोग इस साल भी एक दूसरे की मजहबी भावनाओं का ख्याल रखते हुये अमन के साथ त्योहार मनाकर राष्ट्रीय एकता ओर भाईचारे का सुबूत पेश करें। उन्होंने अपील करते हुये कहा कि मुसलमान कब्रिस्तान शाम 5 बजे के बाद ही जायें।
ज्वाइंट कमिश्नर पियूष मोरडिया ने कहा कि होली और शब ए बरात पर इस बार बीते सालों से बेहतर व्यवस्था की जाएगी। उन्होंने कहा कि लखनऊ की जनता अमन पसंद है। पिछले साल भी दोनों समुदाय ने सूझबूझ से काम लेकर होली और शब ए बरात एक ही दिन अमन के साथ मनाई थी। उन्होंने पुलिस और प्रशासन की ओर से सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था रहेगी।
बैठक में मुख्य रूप से डीसीपी वेस्ट डा. एस चिनप्पा, एडीसीपी वेस्ट चिरंजीव नाथ सिन्हा, एसीपी चौक आईपी सिंह, एसीपी बाजार खाला अनिल कुमार यादव, सिविल डिफेंस के चीफ वार्डेन अमननाथ मिश्रा के अलावा नगर निगम, जल निगम, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।