रायबरेली। जिले में बारिश से बिजली आपूर्ति व्यवस्था बेपटरी हो गई। कहीं 16 तो कहीं 10 घंटे बिजली गुल रही। इससे तीन लाख की आबादी गर्मी और उमस से बेहाल रही। विद्युत उपकेंद्र उतरपारा, रनापुर और खीरों उपकेंद्र से जुड़े करीब 200 गांवों की बिजली गुल रही।
विद्युत उपकेंद्र उतरपारा की बिजली बृहस्पतिवार को दिन में 11 बजे गुल हो गई। इसके बाद शाम पांच बजे 10 मिनट के आई और फिर चली गई। पता चला कि डलमऊ ट्रांसमिशन से आने वाली लाइन में फॉल्ट आ गया है। बिजली गुल होने से सुलखियापुर, मधुपुरी, खनुवा, नथईपुर, बेलाखारा, बेलाभेला, बेलागुसीसी समेत 60 गांवों के लोग परेशान रहे।
पावर कॉर्पोरेशन के कर्मचारियों व अवर अभियंता ने फॉल्ट खोजा। डलमऊ क्षेत्र के पखरौली गांव के पास फॉल्ट मिलने पर रात करीब एक बिजली बहाल हो पाई। इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली। खनुवा ग्राम प्रधान प्रतिनिधि रामफेर, सुलखियापुर प्रधान शत्रोहन लाल यादव, चंद्रभान सिंह, भूपेंद्र यादव, पवन कुमार यादव, हरिकिशन ने बताया कि आए दिन लाइनों में फॉल्ट की वजह से बिजली गुल रहती है। इससे किसान धान की सिंचाई और रोपाई नहीं कर पा रहे हैं।
भोजपुर प्रतिनिधि के मुताबिक रतापुर विद्युत उपकेंद्र से बरवालिया, निशगर, भोजपुर, राजापुर, दलीपुर, गजपतिखेड़ा, छतौना, गहरौली सहित 80 गांवों को बिजली आपूर्ति होती है। बृहस्पतिवार को बरसात की वजह से रात करीब 11 बजे 33 केवी लाइन में फॉल्ट आ गया। इससे गांवों की बिजली गुल हो गई।
शुक्रवार की सुबह नौ बजे बिजली आपूर्ति बहाल हो पाई। अवर अभियंता अजय कुमार ने बताया कि भईयाखेड़ा, भोजपुर और राजापुर के बीच भी लाइन में फाल्ट आया था। फाल्ट ठीक करने के बाद आपूर्ति बहाल करा दी गई।
खीरों प्रतिनिधि के मुताबिक विद्युत उपकेंद्र खीरों से निकले देवगांव फीडर में सरस्वती इंटर कॉलेज मैदान के पास शुक्रवार दोपहर तीन बजे पोल टूट गया। इससे कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय, स्टेट बैंक खीरों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र देवगांव, मिर्जापुर, सरांय महमूद, उदवतपुर, देवगांव, केतनापुर, रमुवापुर, चक फेरशाह, बसावनखेड़ा, चक गजराज, डलऊखेड़ा समेत 60 गांवों की बिजली गुल हो गई।
शाम पांच बजे बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी। उपखंड अधिकारी अनमोल डागौर ने बताया कि देवगांव फीडर की लाइन का पोल टूटने की जानकारी मिली है। मरम्मत कराकर बिजली आपूर्ति बहाल करा दी गई है।