लखनऊ। बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में मंगलवार को हिंदी कार्यशाला आयोजित हुई। विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को हिंदी भाषा-कौशल पर आधारित रोजगार के कई अवसर बताए। यह कार्यशाला राजभाषा हिंदी उत्सव के तहत सात दिवसीय कार्यक्रम का हिस्सा थी। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु के हिंदी विभाग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. हरीश कुमार शर्मा ने ''हिंदी में रोजगार के विविध अवसर, संभावनाएं एवं चुनौतियां'' विषय पर व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि हिंदी की पढ़ाई केवल अध्यापन या साहित्य तक सीमित नहीं है। टीवी और रेडियो में समाचार लेखन, प्रस्तुति तथा पटकथा लेखन में अवसर हैं। सिनेमा और मनोरंजन उद्योग में संवाद, पटकथा और सामग्री लेखन भी संभावित क्षेत्र हैं। डिजिटल मीडिया में सामग्री लेखन, विज्ञापन लेखन, सोशल मीडिया सामग्री, ब्लॉग और वीडियो पटकथा लेखन के अवसर बढ़े हैं। पर्यटन, विज्ञापन और निगम क्षेत्र में हिंदी सामग्री, संचार और अनुवाद से जुड़े काम किए जा सकते हैं। कार्यक्रम में डॉ. बलजीत श्रीवास्तव, डॉ. संध्या दीक्षित समेत शिक्षक, कर्मचारी, शोधार्थी और विद्यार्थी मौजूद रहे।