तीन दिन, छह खेल और एक हजार खिलाड़ी। जोश और जुनून ऐसा कि हर कोई बेटियों की प्रतिभा का कायल हो गया। बेटियों ने न सिर्फ कड़े मुकाबले में एक-दूसरे को मात दी, बल्कि यह संदेश भी दिया कि वे किसी से कम नहीं हैं। केडी सिंह बाबू स्टेडियम में अमर उजाला खेल खिलाड़ी उत्तर प्रदेश बालिका ओलंपिक 2023 के शुक्रवार को हुए समापन पर बेटियां फिर दमखम दिखाने का वादा लेकर विदा हुईं। उत्साह से लबरेज बेटियां बोलीं, अगले साल भी वे इस आयोजन की साक्षी बनेंगी और देश-दुनिया में अपना नाम रोशन करेंगी।
तीन दिनों तक चले बालिका ओलंपिक के अंतिम दिन सभी छह खेलों के फाइनल मैच हुए। स्टेडियम में सुबह से ही खिलाड़ियों का जमावड़ा था। दर्शकों की भीड़ भी खिलाड़ियाें का हौसला बढ़ा रही थी। हॉकी, फुटबॉल, वालीबॉल, कराटे, हैंडबॉल और बॉक्सिंग के फाइनल का रंंग सभी के सिर चढ़कर बोल रहा था। हर आयु वर्ग के लोग बेटियों को प्रोत्साहित करते नजर आए। मंच से भी अलग-अलग विभाग के मंत्रियों ने बालिकाओं के उत्साह की सराहा और उन्हें उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी। हॉकी के फाइनल मैच में दर्शकों का उत्साह देखने लायक था। लखनऊ और मेरठ के बीच रोमांचक मुकाबले को दर्शक दिल थामकर देख रहे थे। अंतिम क्षण में पेनॉल्टी कॉर्नर से लखनऊ ने गोल दागा तो पूरा स्टेडियम तालियों से गूंज उठा। समापन समारोह के दौरान अलग-अलग रंग की टीशर्ट में सभी खिलाड़ी मैदान में एक साथ जमा हुए। खिलाड़ियों ने प्रतिद्वंद्वी टीमों को गले लगाकर विदा ली।
केंद्रीय मंत्री ने पूछे सवाल
केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर मंच से खिलाड़ियों को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने अमर उजाला के इस आयोजन की सराहना की। केंद्रीय मंत्री ने खिलाड़ियों से कई सवाल भी पूछे, जिसका बालिकाओं ने जवाब भी दिया। इससे पहले बालिकाओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी। केंद्रीय मंत्री ने प्रस्तुति देने वाली छात्राओं की प्रतिभा को मंच से सराहा और योग पर जोर दिया।
बालिका ओलंपिक में सह आयोजक व प्रायोजक
आयोजन में सह आयोजक व प्रायोजक
सह आयोजक हैं यूपी ओलंपिक एसोसिएशन
प्रायोजक हैं- गोल्डी मसाले, आईओसीएल, संस्कृति यूनिवर्सिटी
प्रायोजकों में इनकी रही मौजूदगी
सुदीप गोयनका, मैनेजिंग डायरेक्टर, गोल्डी समूह।
सचिन गुप्ताा, चांसलर, संस्कृति विश्वविद्यालय आगरा
अमित कुमार, चीफ जनरल मैनेजर, उत्तर प्रदेश स्टेट ऑफिस, इंडियन ऑयल कारपोरेशन लिमिटेड
अनिरुद्ध जामजूट, जनरल मैनेजर (ल्यूब्स), उत्तर प्रदेश स्टेट ऑफिस, आईओसीएल
संजीव कुमार त्रिपाठी, चीफ मैनेजर (प्लानिंग एंड कोआर्डनिेशन) उत्तर प्रदेश स्टेट ऑफिस