रायबरेली। भीषण गर्मी के दौर को देखते हुए प्रशासन ने कमर कस ली है। जिला स्तर पर तीन टीमें संक्रामक रोगों के नियंत्रण के लिए गठित कर दी गई हैं। इसके अलावा सभी सीएचसी पर भी एक-एक टीम गठित हुई है।
गर्मी जिस तरह से कहर बरपा रही है उससे संक्रामक रोगों का खतरा भी बढ़ गया है। लू व धूप की चपेट में आने से किसी की भी हालत खराब हो सकती है। सीएमओ ने गांवों से संक्रामक रोगों के फैलने की सूचना मिलते ही तत्काल टीम को भेजकर इलाज शुरू कराने के आदेश दिए गए हैं।
जरूरी स्थानों पर दवाओं के छिडक़ाव के आदेश भी दिए गए हैं। सीएमओ ने सीएचसी अधीक्षकों को पर्याप्त ओआरएस, जिंक व अन्य दवाएं अस्पतालों में उपलब्ध रखने के लिए कहा है। यदि सीएचसी में दवाएं उपलब्ध न हों तो तत्काल मुख्यालय से दवाएं प्राप्त कर ली जाएं। संक्रामक रोगों के फैलने पर किसी भी प्रकार की लापरवाही पकड़ में आने पर सख्त कार्रवाई होगी।
लू से बचने के लिए उपाय
पानी ज्यादा से ज्यादा पिएं ताकि शरीर में पानी की कमी से हो। हल्के, ढीले-ढाले सूती वस्त्र पहनें, ताकि शरीर तक हवा पहुंचे। धूप में बाहर जाने से बचें। धूप के चश्में, छाता, टोपी एवं जूते पहनकर निकलें। यात्रा करते समय अपने साथ बोतल में पानी जरूर रखें। गर्मी के दिनों में ओआरएस का घोल पिएं। नींबू पानी, कच्चे आम का पना आदि लें। तकलीफ होने पर तुरंत चिकित्सकीय परामर्श लें।
क्या न करें
दिन के 11 बजे से तीन बजे के बीच बाहर न निकले। गहरे रंग के भारी एवं तंग वस्त्र पहनने से बचें। खाना बनाते समय कमरे के दरवाजे के खिडक़ी-दरवाजे खुले रखें। नशीले पदार्थ, शराब तथा अल्कोहल के सेवन से बचें। उच्च प्रोटीन युक्त खाद्य पदार्थ के सेवन से बचें। बासी भोजन न करे।
गर्मी के सीजन में संक्रामक रोगों का खतरा बढ़ गया है। इसीलिए जिला मुख्यालय के अलावा सभी सीएचसी में रिस्पांस टीमें गठित कर दी गई हैं। अधीक्षकों को भी अलर्ट कर दिया गया है। अस्पतालों में दवाओं की कहीें भी कमी नहीं है। सूचना मिलते ही गांवों में तत्काल टीमें पहुंचेंगी।
डॉ. वीरेंद्र सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी