लखनऊ। कोर्ट के आदेश पर कोऑपरेटिव हाउसिंग सोसाइटी के पूर्व निदेशक समेत 29 पर धोखाधड़ी का केस गुडंबा थाने में दर्ज कराया गया है। जाली दस्तावेज के सहारे करोड़ों रुपये हड़पने का आरोप है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
टाइम सिटी मल्टी एस्टेट कोऑपरेटिव हाउसिंग सोसाइटी के निदेशक संतोष सिंह के मुताबिक, इंदिरानगर के रविंद्रपल्ली निवासी सीपी शुक्ला फरवरी 2010 से सितंबर 2017 तक हाउसिंग सोसाइटी और टाइम सिटी की अन्य कंपनियों में पूर्व डायरेक्टर और चेयरमैन थे। सीपी शुक्ला ने सिंगल सिग्नेचरी होने का फायदा उठाते हुए अपने एक आदमी लहुरी को कंपनी के करोड़ों रुपये से जमीन की रजिस्ट्री करवा दी। इसके अलावा ग्राहकों के जमा करोड़ों रुपये धोखाधड़ी कर पत्नी आशा शुक्ला, बेटी सविता शुक्ला, रिचा शुक्ला के खाते में ट्रांसफर कर दिए।
अक्तूबर 2022 में ऑडिट रिपोर्ट से जानकीपुरम स्थित जानकी प्लाजा स्थित कार्यालय से कंपनी के कई खातों से रुपये हड़पने का पता चला। आरोप है कि 14 फरवरी 2022 को आरोपी ने अपने भाई दीपचंद शुक्ला, गंगा सागर यादव, श्रीकांत श्याम, अनूप तोमर, सतीश वर्मा, सतीश ओझा, राजन, राहुल ओझा और 10-15 अज्ञात के साथ जानकीपुरम कार्यालय में घुसकर सभी को बंधक बना लिया। कंपनी के मूल कागजातों को चुराया और अकाउंट के साॅफ्टवेयर से अपने सारे लेनदेन मिटा दिए। कंपनी की पांच कार भी ले गए।
पीड़ित ने 17 जनवरी 2024 को गुडंबा थाना, एसीपी गाजीपुर, पुलिस कमिश्नर को प्रार्थना पत्र दिया, पर मामला सिफर रहा। अदालत के आदेश पर रविवार को सीपी शुक्ला, आशा शुक्ला, सविता शुक्ला, रिचा शुक्ला, दीप चंद्र शुक्ला, लहुरी, श्रीकांत, अनूप तोमर, गंगा सागर यादव, श्याम, सौरभ वर्मा, सतीष ओझा, राजन, राहुल ओझा और 15 अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया।