रायबरेली। जिले में संक्रामक रोगों का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। एलाइजा जांच में डेंगू के चार नए केस मिले हैं। जबकि किट की जांच में 10 से अधिक डेंगू के संदिग्ध मरीज मिले हैं। इसके अलावा शहर से लेकर गांव तक जुकाम, बुखार और उल्टी-दस्त के मरीज बढ़ते जा रहे हैं।
जिले में डेंगू के मरीजों की संख्या बढ़कर 34 हो गई है। सूचना मिलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांवों में पहुंचकर दवा के छिड़काव के साथ लोगों की सेहत जांची। लोगों को मच्छरों से बचने के टिप्स भी दिए।
किट की जांच में डेंगू से संक्रमित मिलने के बाद मरीजों के सैंपल की जिला अस्पताल की पैथोलॉजी में एलाइजा जांच की गई। जिसमें अमावां क्षेत्र के लोधवामऊ मजरे पहाड़पुर निवासी अब्दुल खान (12), शहर के नेहरू नगर निवासी देवरती (18), सरेनी क्षेत्र के पूरे शिवपाल निवासी उज्जवल सिंह (50), शहर के मलिकमऊ निवासी प्रियांशु बाजपेयी (24) डेंगू संक्रमित मिले। रिपोर्ट आते ही मलेरिया निरीक्षण आतिफ खान की टीम ने गांवों में पहुंचकर लोगों की सेहत जांची। लोगों को मच्छरों से बचने के टिप्स दिए। दवाओं का वितरण भी किया गया।
बाजार से खरीदनी पड़ रही बुखार की दवा
जिला अस्पताल से लेकर सीएचसी और पीएचसी में भी बुखार के रोगी बढ़े हैं। कई सीएचसी में डेंगू की जांच के लिए किट की कमी हो गई है। निजी पैथोलॉजी संचालक डेंगू की जांच रिपोर्ट देने में अब भी कंजूसी कर रहे हैं। अस्पतालों में बुखार की दवाओं की किल्लत भी बढ़ रही है। किसी तरह काम चलाया जा रहा है। मरीजों को बाजार से बुखार की दवाएं खरीदनी पड़ रही हैं।
संक्रमित के परिजन सुरक्षित
एलाइजा जांच में डेंगू के चार नए केस मिले हैं। सभी मरीजों के घर रिस्पांस टीमें भेजी गई है। संक्रमित मरीज के घरों के लोग स्वस्थ मिले हैं। अधीक्षकों को गांवों पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। सूचना मिलने पर टीमें भेजने के लिए कहा गया है।
- डॉ. वीरेंद्र सिंह, सीएमओ