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Lucknow News : याजदान बिल्डर ने मुख्तार के गुर्गे के सहारे किया था मकान व जमीन पर कब्जा, 11 पर मुकदमा दर्ज

Thu, 01 Sep 2022 08:13 AM IST
लखनऊ ब्यूरो माई सिटी रिपोर्टर, अमर उजाला, लखनऊ

सार

मजबूरी में एआर बिल्डर एंड याजदान इंफोकाम को 18 अक्तूबर 2016 को एग्रीमेंट करना पड़ा। इसके बाद शकील ने गुर्गों के साथ पहुंचकर मकान खाली करवा लिया। पीड़ित का आरोप है कि बिल्डर व मुख्तार के गुर्गे ने मकान पर दिसंबर 2020 में कब्जा कर लिया।
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मुख्तार अंसारी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बांदा जेल में बंद माफिया मुख्तार अंसारी के गुर्गे शकील हैदर ने हजरतगंज के प्राग नारायण रोड स्थित करोड़ों रुपये के मकान व जमीन पर यजदान बिल्डर का कब्जा करवा दिया। जान से मारने की धमकी मिलने के बाद पीड़ित अमरदीप ने हजरतगंज थाने में तहरीर दी। इस पर पुलिस ने शकील व बिल्डर गुलाम याजदान, शराफत अली, सैयद अरशद, मुशीर अहमद, यामीन आरिफ खान, मो. शदबास खान, नसीमुद्दीन, मो. हनीफ व रईस हैदर के खिलाफ केेस दर्ज कर लिया है। 

 

अमरदीप के मुताबिक, मकान व जमीन को बेचने के लिए 2009 में मुख्तार के करीबी गुर्गे शकील हैदर व उसके भाई रईस हैदर ने रजिस्टर्ड एग्रीमेंट किया, लेकिन मकान नहीं खरीदा। तीन महीने बाद एग्रीमेंट समाप्त हो गया। इसके बाद दोनाें भाइयों ने साजिश रचनी शुरू की। उनको व परिवार को लगातार जान से मारने की धमकी दी जा रही थी। शकील ने उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया। मजबूरी में एआर बिल्डर एंड याजदान इंफोकाम को 18 अक्तूबर 2016 को एग्रीमेंट करना पड़ा। इसके बाद शकील ने गुर्गों के साथ पहुंचकर मकान खाली करवा लिया। पीड़ित का आरोप है कि बिल्डर व मुख्तार के गुर्गे ने मकान पर दिसंबर 2020 में कब्जा कर लिया। सिक्योरिटी के नाम पर उनसे कुछ चेक दस्तखत किए हुए लिए थे। उसी चेक पर 4.50 करोड़ रुपये भरकर भुगतान के लिए अपने खाते में लगाया जो बाउंस कर गया। इसके बाद एनआई एक्ट का केस दर्ज कराया था।

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