रायबरेली। अमृत योजना के तहत शहर क्षेत्र में बिछाई जा रही सीवर लाइन से पानी की पाइपें लाइनें क्षतिग्रस्त हो रही हैं। इससे नगर क्षेत्र के नौ मोहल्लों में पेयजल संकट गहरा गया है। नगर पालिका के जलकल विभाग के अधिकारियों की शिकायत पर भी क्षतिग्रस्त पाइप लाइनों को ठीक नहीं किया गया है। सबसे ज्यादा विकास नगर मोहल्ले हैं, जहां जलापूर्ति पटरी पर नहीं आ सकी है। इससे भीषण गर्मी में नागरिकों को पेयजल संकट से जूझना पड़ रहा है।
दरअसल, अमृत योजना के तहत शहर क्षेत्र में सीवर लाइन बिछाने का काम चल रहा है। फेज-तीन के तहत सीवर लाइन डालने के लिए खुदाई कराई जाती है। खुदाई से पानी की पाइपें लाइनें क्षतिग्रस्त हो जाती हैं। इससे पानी नागरिकों के घरों तक नहीं पहुंच पाता। सीवर लाइन बिछाने का कार्य जल निगम करा रहा है। यह हाल तब है, जब भीषण गर्मी से वैसे ही लोग बेहाल हैं।
नगर क्षेत्र के बस्तेपुर, गणेश नगर, छजलापुर, नई बस्ती, तुलसी नगर, विकास नगर, आनंद नगर, नेहरू नगर, इंदिरा नगर मोहल्ले में पानी की आपूर्ति सुचारु रूप से शुरू नहीं हो पाई है। इन मोहल्लों के अधिकतर घरों में पानी आपूर्ति बंद है। विकास नगर के रहने वाले दिनेश गुप्ता, सत्येंद्र तिवारी, रामादीन चौधरी कहते हैं कि सीवर लाइन की खुदाई में पाइप लाइन क्षतिग्रस्त हो गई हंै। इससे पानी की आपूर्ति ठप है। समस्या पर जल निगम के अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं।