फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

झोपड़ी में लगी आग, जिंदा जल गया छात्र

Mon, 03 Feb 2014 09:13 AM IST
संजय त्रिपाठी/अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
विज्ञापन
वजीरगंज क्षेत्र में डालीगंज पुल के पास गोमती किनारे स्थित झोपड़ी में रविवार रात रहस्यमय हालात में आग लगने से एक किशोर जिंदा जल गया। माता-पिता ने पड़ोसियों पर आगजनी का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है। हालांकि पुलिस इसे हादसा बता रही है।
विज्ञापन


डालीगंज पुल से चंद कदम दूर लल्लूमल धर्मशाला के पास गोमती के किनारे स्थित झोपड़ी में 15 साल का पंकज रविवार रात सो रहा था। उसकी छोटी बहन शोभा भी सो रही थी जबकि मां गीता व पिता रमाकांत तीन अन्य बच्चों के साथ सूरजकुंड के पास फुटपाथ पर सब्जी की दुकान पर थे।

रात 11 बजे झोपड़ी में अचानक आग लग गई। मासूम शोभा चीखते हुए बाहर की तरफ भागी। इस बीच पूरी झोपड़ी लपटों से घिर गई और आग के बीच फंसा पंकज जिंदा जल गया। लपटें उठते देख आस-पास के लोग दौड़े। फायरब्रिगेड व पुलिस को फोन किया। रमाकांत भी अपने परिवार के साथ दौड़ा।
विज्ञापन


आग बुझाने की कोशिश के साथ पंकज की तलाश की। हालांकि दमकल दस्ता पहुंचने से पहले पूरी झोपड़ी स्वाहा हो गई। सुलगती आग बुझाने के साथ राख खंगाली गई तो पंकज का बुरी तरह झुलसा शव मिला। रमाकांत व गीता ने आसपास के लड़कों पर आगजनी का आरोप लगाया है।

दंपती ने कहा कि नदी के किनारे खेलने आने वाले लड़के कई दिन से झोपड़ी हटाने के लिए दबाव बना रहे थे। इसे लेकर रविवार सुबह झगड़ा हुआ था। लड़कों ने झोपड़ी फूंक देने की धमकी दी थी। उन्होंने कहा कि बुखार से पीड़ित पंकज रात साढ़े आठ बजे सोने के लिए झोपड़ी में गया था।
विज्ञापन


तबीयत खराब होने की वजह से वह अपनी जान बचाने में नाकाम रहा। मासूम शोभा ने बताया कि उसकी आंख खुली तो चारों तरफ धुआं नजर आया।

झोपड़ी से बाहर आकर उसने अपने भाई को आवाज दी। इस बीच झोपड़ी लपटों से घिर गई। पुलिस का कहना है कि दोनों बच्चे झोपड़ी में चिराग जलाकर सोए थे।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें