आलमनगर स्टेशन से बुधवार को पुलिस कस्टडी में दिल्ली से पेशी से
लौट रहा बंदी आलोक मिश्र फरार हो गया।
सूचना पर जीआरपी व पुलिस महकमे में
हड़कंप मच गया। तमाम कोशिश के बावजूद बंदी को कोई सुराग नहीं लगा।
मामले को
दबाने में जुटी जीआरपी ने देर रात मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि सिपाही
अभी तक रिपोर्ट लिखाने नहीं आए हैं। फरार बंदी पर दिल्ली में एक
उच्चाधिकारी को धमकाने का केस चल रहा है।
चालक
की हत्या कर शव बाराबंकी में फेंक बोलेरो लूटने के आरोप में लखनऊ जेल में
बंद आलोक मिश्र को पुलिस लाइन में तैनात सिपाही रघुवीर सिंह, कमल सिंह व
राजेंद्र सिंह के साथ दिल्ली पेशी पर भेजा गया था।
बुधवार को सिपाही उसे लेकर लौट रहे थे। आलमनगर स्टेशन से ट्रेन चलते ही आलोक सिपाहियों को धक्का
देकर फरार हो गया।
गौरतलब है कि रिवर बैंक पुलिस चौकी प्रभारी रहे विनोद
यादव ने 30 नवंबर 2012 को बीकेटी में मुठभेड़ के दौरान आलोक को दबोचा था।