आलमबाग की बरहा रेलवे कॉलोनी में नशे में धुत एक युवक ने मंगलवार देर रात अपने बहनोई की गोली मारकर हत्या कर दी।
वारदात को अंजाम देकर पिस्टल समेत फरार हो गया। मारा गया युवक अपने बड़े साले के घर मूल शांति की दावत खाने गया था।
वहां शराब के नशे में छोटे साले से झगड़ा हो गया।
पुलिस के मुताबिक, चौक के मोहल्ला शाहगंज निवासी समीर त्रिपाठी उर्फ संतोष (35) मंगलवार रात आलमबाग की बरहा रेलवे कॉलोनी निवासी अपने बड़े साले शीतला प्रसाद के घर मूल शांति की दावत खाने गया था।
वहां समीर ने अपने छोटे साले देवी प्रसाद दुबे के साथ बैठकर शराब पी। नशा चढ़ने पर रात एक बजे दोनों में किसी बात को लेकर तकरार शुरू हो गई।
थोड़ी देर में झगड़ा इतना बढ़ा कि देवी प्रसाद ने पिस्टल निकाला और समीर को निशान बनाकर फायरिंग कर दी। सीने पर गोली लगते ही समीर गिर गया।
फायर की आवाज सुनकर उसकी पत्नी किरन व शीतला प्रसाद दौड़े। इस बीच देवी प्रसाद भाग निकला।
गंभीर रूप से घायल समीर को शीतला प्रसाद ने अपने मंझले छोटे भाई माता प्रसाद की मदद से बाइक पर लादा और आलमबाग के सिविल अस्पताल ले गए।
वहां से एक निजी अस्पताल ले जाया गया। इसके बाद ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। डॉक्टरों ने समीर को मृत घोषित करने के साथ शव कब्जे में ले लिया।
पुलिस ने किरन की तहरीर पर देवी प्रसाद के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करके तलाश शुरू कर दी है।
किरन ने बताया कि 11 साल पहले उसकी शादी समीर से हुई थी। समीर एक्वागार्ड के सेल्समैन के साथ टेक्नीशियन था। उनके एक बेटी अंजली है। बड़े भाई के घर 26 दिन पहले संतान हुई थी।
इस पर किरन तीन दिन पहले बेटी के साथ मायके आ गई थी और समीर मंगलवार देरशाम दावत खाने पहुंचा था। वहां इलेक्ट्रिक का काम करने वाले छोटे साले देवी प्रसाद के झगड़ा हो गया।