एलयू के तिलक हॉस्टल में रहने वाली बीए फर्स्ट ईयर की एक छात्रा संदिग्ध परिस्थितियों में गायब हो गई।
शुक्रवार देर शाम हॉस्टल से बाहर निकली यह छात्रा जब देर रात तक नहीं लौटी तो हॉस्टल की प्रोवोस्ट डॉ. अंचल श्रीवास्तव ने उसके मोबाइल पर फोन किया।
हालांकि मोबाइल स्विच ऑफ बता रहा था। इसके बाद उसकी रूम पार्टनर से कहा गया कि वह छात्रा के बारे में पता लगाए और उसकी दोस्तों से पूछताछ करे।
एलयू प्रशासन के मुताबिक रूम पार्टनर ने पता लगाकर बताया कि वह सुबह तक वापस आ जाएगी और कार्रवाई से डर रही है। उसे संदेश भेजा गया कि उस पर कोई भी अनुशासनात्मक कार्रवाई नहीं की जाएगी।
इसके बाद जब शनिवार की सुबह तक वह वापस नहीं लौटी तो विवि प्रशासन ने हसनगंज थाने में छात्रा की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवा दी।
मूलरूप से बस्ती जिले में रहने वाली इस छात्रा के पिता कानपुर में पढ़ रहे अपने बेटे से मिलने आए थे और शनिवार को उन्हें बस्ती वापस लौटना था।
छात्रा के पिता ने बताया कि उन्हें शनिवार दोपहर 12 बजे बताया गया कि बेटी गायब है। आखिर इतनी देर तक उनसे मामले को क्यों छिपाया गया।
उन्होंने कहा, मेरी बेटी तो घर से भी बाहर नहीं निकलती थी। वह पढ़ाई में काफी तेज है और कहीं घूमने की बजाय अपनी पढ़ाई पर ही अधिक जोर देती है।
छात्रा के पिता ने किसी से दुश्मनी होने से भी इन्कार किया है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर हॉस्टल में ऐसा क्या हुआ कि वह अचानक बिना बताए गायब हो गई।
उसके मन में कौन सा भय है, जिसके कारण वह हॉस्टल से चली गई। फिलहाल लापता छात्रा के पिता इसे विश्वविद्यालय प्रशासन की लापरवाही का नतीजा मान रहे हैं। वह शनिवार रात एलयू पहुंच गए।