लखनऊ के नाका के एक होटल में मकैनिकल इंजीनियर ने फांसी लगाकर जान दे दी। रविवार सुबह कमरे से दुर्गंध आने पर होटल कर्मचारियों को इसकी भनक लगी। सूचना पर पुलिस की मौजूदगी को रूम का ताला तोड़ा गया।
खुदकुशी करने से पहले उसने अपने मोबाइल की कॉल डिटेल डिलीट कर दी थीं। सुसाइड नोट न मिलने से मौत का रहस्य गहरा गया है।
पुलिस जांच में जुटी है और परिवारवाले उसे डिप्रेशन का शिकार बता रहे हैं। पुणे की एक निजी कंपनी में मकैनिकल इंजीनियर युवक ने दो माह पहले ही नौकरी छोड़ी थी।
इंस्पेक्टर नाका विजय प्रकाश सिंह ने बताया कि कानपुर के किदवईनगर स्थित न्यू ब्लॉक निरालानगर निवासी बब्बू द्विवेदी का बेटा पीयूष (28) पुणे की एक निजी कंपनी में मकैनिकल इंजीनियर था। दो माह पहले ही वह नौकरी छोड़ अपने घर लौट आया था।
मंगलवार को उसने घरवालों को बताया कि मुंबई की एक निजी कंपनी से उसको जॉब का ऑफर मिला है। इस सिलसिले में मुंबई जाने की बात कहकर घर से निकला था।