लखनऊ के इटौंजा में हसनगंज की महिला की हत्या के मामले में फायर विभाग के दरोगा ओम प्रकाश शुक्ला का नाम सामने आ रहा है। पुलिस का कहना है कि गैर जनपद में तैनात दरोगा ओम प्रकाश मृतका के मकान के पास ही रहता है।
दोनों के बीच लंबे समय से प्रॉपर्टी का विवाद चल रहा है। वारदात के बाद से दरोगा घर से गायब है। उसका मोबाइल फोन भी स्विच ऑफ जा रहा है। एसएसपी का कहना है कि वारदात में दरोगा की भूमिका स्पष्ट हो गई है। उसकी तलाश में टीमें लगाई गई हैं। वहीं एसएसपी ने हत्या से पहले रेप की बात से इन्कार किया है।
एसएसपी ने बताया कि मृतका के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल से पता चला कि रविवार देर शाम घर से निकलने से पहले और बाद में उसकी एक मोबाइल नंबर पर बातचीत हुई थी। नंबर की पड़ताल की गई तो यह मृतका के मोहल्ले में ही रहने वाले अमित शुक्ला का निकला।
अमित के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास व अपहरण सहित कई मुकदमे विभिन्न थानों में दर्ज हैं। हसनगंज पुलिस ने अमित को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो खुलासा हुआ कि मोबाइल नंबर उसके नाम से है, लेकिन इस्तेमाल पिता ओम प्रकाश शुक्ला करते हैं।
पूछताछ में यह भी पता चला कि मृतका और दरोगा ओम प्रकाश शुक्ला के बीच प्रॉपर्टी को लेकर विवाद चल रहा है। दोनों पक्ष कई बार झगड़ चुके हैं।
घर से निकलने से पहले और बाद में हुई थी फोन पर बात
डेमो पिक
- फोटो : demo
एसएसपी का कहना है कि दरोगा मूल रूप से बीकेटी के पहाड़पुर गांव का है। मोबाइल फोन की कॉल डिटेल और लोकेशन खंगालने पर हत्याकांड में उसकी भूमिका स्पष्ट हो गई।
रविवार रात मृतका के घर से निकलने से पहले और बाद में दोनों के बीच बातचीत हुई थी। जिस जगह महिला का शव मिला, वहां भी दरोगा के मोबाइल फोन की लोकेशन पाई गई है। फिलहाल दरोगा का मोबाइल फोन स्विच ऑफ है।
उसका नंबर सर्विलांस पर लगा दिया गया है। पुलिस की टीमें पहाड़पुर के अलावा उसकी तैनाती के जनपद व परिचितों और रिश्तेदारों के घर पर दबिश दे रही हैं।
पुलिस के खौफ से अस्पताल में भर्ती हुआ हिस्ट्रीशीटर
पुलिस जब के डर से हिस्ट्रीशीटर अमित मेडिकल कॉलेज में भर्ती हो गया। पुलिस ने बताया कि करीब दस महीने पहले अलीगंज में एक ठेकेदार की हत्या के मामले में अमित का नाम आया था।
छह महीने पहले मड़ियांव थाना क्षेत्र के रिंग रोड पर एक मोटर मैकेनिक को मार-पीटकर अपहरण का मामला भी उसके खिलाफ दर्ज है। अलीगंज सहित अन्य थानों में भी मारपीट और गुंडागर्दी के कई मामले हैं। पुलिस उसके खिलाफ दर्ज मुकदमों का ब्यौरा जुटा रही है। पुलिस का मानना है कि हत्या में उसकी भी भूमिका हो सकती है।
...तो बाग में मिली साड़ी और जैकेट किसकी
घर से कुछ दूर मिली लाश
- फोटो : demo pic
बाग में शॉल और जैकेट के साथ जो साड़ी मिली थी, वह मृतका की नहीं थी। पुलिस को आशंका है कि घर से निकलने के बाद महिला किसी और के घर गई और वहां कपड़े बदले। इसके पीछे क्या वजह थी? कहीं महिला के साथ कोई साजिश तो नहीं की गई? पुलिस इस बात का पता लगाने में जुटी है। बाग में मिली जैकेट किसकी है? यह भी पता नहीं चल सका है।
क्या था मामला
हसनगंज निवासी जल निगम के रिटायर्ड कर्मचारी की 52 वर्षीय पत्नी रविवार शाम सब्जी लेने की बात कहकर घर से निकली और गायब हो गई। सोमवार सुबह इटौंजा के बाबागंज-बीकेटी रोड पर पावर स्टेशन के पास उसका शव पाया गया था।
मृतका के कपड़े अस्त-व्यस्त थे। मोबाइल फोन गायब था। करीब एक किलोमीटर दूर आम के बाग में महिला की साड़ी-शॉल व एक जैकेट मिली थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या की पुष्टि हुई थी। हालांकि परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर दरिंदगी की आशंका जताई जा रही थी।