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कोरोना की चुनौती से दो-दो हाथ को तैयार, शुरू कर दिया नया कारोबार

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लखनऊ। अनलॉक-2 के बाद भी बाजार में सूनापन सा है। बिक्री बढ़ाने के लिए कारोबारी हर जतन कर रहे हैं। इसके बाद भी ग्राहकों की बेरुखी, कोरोना के बढ़ते खतरे को देखते हुए कई व्यापारियों ने हाथ पर हाथ धरे हालात को कोसना मुनासिब नहीं समझा और अपने काम के बीच से निकाली नई राह। शहर में ऐसे कई बड़े कारोबारी हैं जो रेस्टोरेंट, बेकरी, मिठाइयों के व्यापार से जुड़े हैं और शहर में अपनी पहचान रखते हैं, इन्होंने वक्त की नब्ज को समझकर नया बिजनेस खड़ा कर लिया है। लॉकडाउन में की शुरुआत जो मिसाल बन गई होटल-रेस्टोरेंट और स्वीट कारोबार से जुड़े सृजल गुप्ता कहते हैं कि लॉकडाउन में लोगों को जरूरी सामान मिले, इसलिए हमने ऑनलाइन इसेंसियल्स सर्विस शुरू की थी। इसके बाद कई ने यह काम शुरू कर दिया। हम बेकरी एंड डेयरी प्रोडक्ट, इम्युनिटी बूस्टर और ड्राईफ्रूट्स ऑनलाइन मुहैया करा रहे हैं। अब हमारा इरादा इसे आगे बढ़ाते हुए खुद के प्रोडक्ट लॉन्च करना है। खाली बैठने से समस्या का हलनहीं निकलेगा। हम पर बड़े स्टाफ की जिम्मेदारी है, जिसे नए रास्ते तलाश कर निभाना होगा। ऑनलाइन ग्रोसरी स्टोर डाला, अब ई-मार्ट करेंगे लॉन्च बिजनेसमैन वही है, जो जोखिम उठाए। लॉकडाउन की चुनौती को स्वीकार किया होटल इंडस्ट्री से जुड़े जाने-माने कारोबार विष्णु साहू ने। उन्होंने बिना देर किए ऑनलाइन ग्रासरी स्टोर शुरू कर घर-घर तक जरूरत का सामान पहुंचाया। रिस्पॉन्स को देख उन्होंने इसी स्टोर को अब ई-मार्ट में बदलने का फैसला किया है। उनका कहना है कि इससे हमारा स्टाफ खाली नहीं बैठा। वेडिंग प्लानिंग बंद हुई तो शुरू किया तेल-शहद का कारोबार हामिद हुसैन शहर के जाने माने वेडिंग प्लानर हैं। साल में 80 के करीब शादियां करा लेते हैं। लेकिन इस बार लॉकडाउन के बाद शादियों को लेकर कड़ी शर्तों ने बुकिंग कैंसिल करवा दी। आने वाला वक्त चुनौतीपूर्ण हैं, ऐसे में उन्होंने नए रास्ते तलाशते हुए ऑलिव ऑयल और शहद के बिजनेस में एंट्री कर ली है और मसालों की नई रेंज लाने की तैयारी में जुट चुके हैं। फैशन स्टोर से सुपरस्टोर में बदल गया काम हैंड इम्ब्रायडरी और चिकन के काम से जुड़े आसिफ अब्बास का अपना फैशन स्टोर था। लॉकडाउन के बाद उन्होंने सुपर स्टोर शुरू करने का मन बना लिया। आसिफ कहते हैं कि 50 साल से हमारा परिवार हैंड इम्ब्रायडरी के काम से जुड़ा रहा। लॉकडाउन में सब बंद हो गया। नुकसान तो हुआ है, लेकिन निराश होकर तो नहीं बैठ सकते हैं, इसलिए नया रास्ता तलाशा है। गृह उद्योग की नई शुरुआत महानगर निवासी लकी वसोनल अग्रवाल रेस्टोरेंट के बिजनेस में हैं। लॉकडाउन में फिलहाल रेस्टोरेंट टेकअवे सर्विस तक सीमित हो गए हैं। ऐसे में पति-पत्नी ने नया रास्ता निकालाहै। उन्होंने गृह उद्योग स्थापित कर लिया है। इसमें वे घर के बने नाश्ते की आर्डर पर सप्लाई करवा रहे हैं। बताया कि फिलहाल यह एक शुरुआत है, जिसमें रोजाना इतना आर्डर निकाल ले रहे हैं कि रख-रखाव और स्टाफ का खर्च निकल आए।
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