21 फरवरी को वित्त मंत्री सुरेश खन्ना वित्तीय वर्ष 2023-24 का बजट प्रस्ताव पेश करेंगे। आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर सरकार करीब सात लाख करोड़ का बजट पेश कर सकती है। बजट में युवाओं, किसानों, महिलाओं और ढांचागत विकास पर फोकस होगा। साथ ही ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के तहत होने वाले निवेश प्रस्तावों को लागू करने के लिए भी बजट प्रावधान सरकार की प्राथमिकता होगी। सरकार बजट प्रस्ताव में भाजपा के लोक कल्याण संकल्प पत्र के मुद्दों को भी शामिल करेगी।
विपक्ष सरकार को घेरने की तैयारी में
सरकार जहां दूसरे बजट में अपनी उपलब्धियों और इन्वेस्टर्स समिट की सफलता को बताने की तैयारी कर रही है, वहीं विपक्ष सरकार को घेरने की तैयारी कर रहा है। राम चरित मानस से उठे विवाद के अलावा जातीय जनगणना व महंगाई, बेरोजगारी को विपक्ष मुद्दा बनाने की रणनीति बना रहा है। आगामी बजट सत्र काफी हंगोमदार रहने के आसार हैं।