राजकुमारी ने हिम्मत और बहादुरी का परिचय देते हुए जहां अपनी चेन लुटने से बचाई वहीं, चार लुटेरी महिलाओं को पकड़वा भी दिया। हालांकि, राजकुमारी ने तहरीर नहीं दी। इसके बाद पुलिस ने शांति भंग में चारों महिलाओं गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
मूलरूप से प्रतापगढ़ के लालगंज के रहने वाले दयाशंकर एल्डिको में मकान बनवा रहे हैं। पत्नी राजकुमारी भी उनके साथ यहीं रह रहीं हैं। राजकुमारी के मुताबिक, शुक्रवार दोपहर 12 बजे पति के साथ वह प्रतापगढ़ के लिए निकली थीं।
पीजीआई थानाक्षेत्र के उतरेठिया चौराहे पर पति पहले बस पर चढ़ गए। इसके बाद उन्होंने बस की सीढ़ी पर पैर रखे ही थे कि चार बंजारन महिलाएं धक्का-मुक्की कर चढ़ने लगीं।
उन्होंने विरोध किया तो चारों ने उन्हें घेर लिया और चेन लूटने की कोशिश की। इस पर राजकुमारी ने पूरी ताकत लगाकर महिलाओं को धक्का दिया। इससे चेन लूटने में असफल हुईं महिलाएं जान बचाकर भागने लगीं।
दौड़ाकर एक को पकड़ा, पुलिस को सौंपा
चारों को भागते देख राजकुमारी बस से उतरीं और पीछा कर एक महिला को पकड़ लिया। इसके बाद आरोपी महिला को सूचना पर पहुंचे एल्डिको चौकी प्रभारी अनुज सिंह के हवाले कर दिया। चौकी प्रभारी के मुताबिक, कुछ देर बाद ही तीन और महिलाओं को पकड़ लिया गया। इनमें नीतू, उर्मिला और सीकू हैं। सभी चारबाग में रहती हैं और पूरे शहर में घूमकर भीख मांगती हैं।