फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सीएए प्रदर्शनकारियों पर बड़ी कार्रवाई की तैयारी, 18 पर लगेगा रासुका

विज्ञापन
विज्ञापन
लखनऊ। सीएए आंदोलन को लेकर चौकन्नी पुलिस ने हिंसा और आगजनी के आरोपियों पर कानून का शिकंजा कस दिया है। पुलिस आयुक्त सुजीत पांडेय ने बताया कि प्रदर्शन में शामिल रहे 18 लोगों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून तामील करने की तैयारी की जा रही है। इसके साथ ही 43 और लोगों को भी गिरफ्तार करने के लिए पुलिस की टीमें लगा दी गई हैं। बीते वर्ष 19 दिसंबर में सीएए आंदोलन को लेकर राजधानी में भारी हिंसा और आगजनी से कानून व्यवस्था छिन्न-भिन्न हो गई थी। पुलिस आयुक्त ने बताया कि राजधानी को हिंसा की आग में झोंकने वाले अराजक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। पुलिस और खुफिया एजेंसियों को खबर लगी थी कि सीएए आंदोलन फिर से शुरू होने जा रहा है। कुछ संगठन और अराजक तत्व इसकी तैयारी में लगे हैं। ऐसे लोगों ने सोशल मीडिया पर अपनी गतिविधियां शुरू कर दी हैं। इस बात का पता चलते ही साइबर सेल व पुलिस की अन्य एजेंसियों ने सोशल मीडिया की निगरानी शुरू कर दी। बीते दिनों सीएए आंदोलन को लेकर आपत्तिजनक और भड़काऊ पोस्ट करने वाले गोमतीनगर के विरामखंड चार निवासी अफसार अहमद सिद्दीकी को गिरफ्तार किया गया था। ऐसे कई अन्य एक्टिविस्ट पुलिस के रडार पर हैं। मालूम हो कि राजधानी के घंटाघर पर सीएए व एनआरसी के विरोध में महिलाओं ने धरना दिया था। करीब तीन महीने चले इस धरने की समाप्ति कोविड 19 महामारी के दौरान लॉकडाउन की घोषणा के वक्त हुई थी। अब लॉकडाउन खुलने के बाद फिर से सीएए आंदोलन की सुगबुगाहट शुरू हो गई है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि कुछ अराजक तत्व सीएए की आड़ में सरकार विरोधी आंदोलन की साजिश रच रहे हैं और उनका उद्देश्य सामाजिक वैमनस्यता फैलाना है। पुलिस आयुक्त का कहना है कि आंदोलन से जुड़े सभी व्यक्तियों को पहले ही चिह्नित किया जा चुका है। पुलिस और खुफिया इकाई ऐसे लोगों की गतिविधियों पर लगातार नजर रख रही है। उन्होंने कहा कि सीएए 2.0 की आड़ में किसी भी तरह की अराजकता को सिर उठाने नहीं दिया जाएगा। हिंसा और उपद्रव पर यह हुई कार्रवाई 63 मुकदमे विभिन्न थानों में दर्ज किए गए 295 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया 68 के खिलाफ गैंगस्टर की कार्रवाई हुई 18 पर रासुका तामील कराने की तैयारी 28 पर गुंडा एक्ट का बन रहा खाका 43 बचे आरोपियों के पीछे लगी पुलिस
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें