प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मुकेश शुक्ला और नजूल अधिकारी अरविंद कुमार त्रिपाठी के बीच बातचीत चल ही रही थी कि उसका बेटा आकाश शुक्ला आ गया। उसने त्रिपाठी का गला पकड़कर गिरा दिया। यही नहीं उनका मोबाइल भी पटककर तोड़ दिया। एलडीए के कर्मचारी नजूल अधिकारी को बचाने में जुट गए। गिरने से उनके कंधे और गले में चोटें आईं। हमले के बाद त्रिपाठी ने एलडीए वीसी को फोन करके बताया कि चौकी प्रभारी और पुलिस के सामने मुकेश शुक्ला उसके बेटे और 20 समर्थकों ने पूरे दस्ते की घेराबंदी करके पीटा। उपाध्यक्ष ने कमिश्नर से बात की तब एसीपी फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे।
शादी के परिवार मुसीबत में फंसे
पंजाब लॉन में पूरे सहालग शादियां होती हैं। शादी समारोह के लिए जिनकी बुकिंग थी वे परेशान हैं। ऐसे परिवारों को अब शादी समारोह के लिए दूसरा गेस्ट हाउस तलाशना होगा।
आमने-सामने: हमला करने वालों के खिलाफ दी तहरीर
नजूल अधिकारी अरविंद कुमार त्रिपाठी का कहना है कि इम्प्रूवमेंट ट्रस्ट की भूमि पर अवैध कब्जा करने, प्राधिकरण की टीम पर हमला कर कार्रवाई में बाधा पहुंचाने वाले लोगों के खिलाफ तहरीर दी है।
एडीसीपी पश्चिम चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बताया कि कब्जामुक्त कराने के लिए एलडीए की टीम के साथ भारी पुलिस बल भेजा गया था। शुरुआत में कब्जा करने वालों ने विरोध किया था, लेकिन बाद में फटकार कर उनको हटा दिया गया। जमीन कब्जामुक्त कराई गई। एलडीए की तरफ से कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलती है तो एफआईआर दर्ज की जाएगी।
चित्ताखेड़ा के भी दो भूखंड खाली कराए
नजूल अधिकारी ने बताया कि ऐशबाग स्थित चित्ताखेड़ा के भूखंड संख्या-3/2 एवं 3/3 का पट्टा भी निरस्त किया जा चुका था। इनपर भी कुछ लोगों ने अवैध कब्जे कर रखे थे। इन दोनों भूखंडों को भी खाली कराकर एलडीए ने अपने कब्जे में ले लिया है।