अमेठी जिले में गौरीगंज में बेनीपुर बलदेव गांव में बुधवार शाम सड़क किनारे मिले अधेड़ के शव के मामले में नया मोड़ आ गया है। पुलिस द्वारा मामले को दबाने की कोशिश का आरोप लगाकर नाराज परिजनों ने शुक्रवार को पोस्टमॉर्टम के बाद घर पहुंचे अधेड़ के शव को गौरीगंज-जगदीशपुर मार्ग पर मऊ गांव के पास रखकर जाम लगा दिया। सूचना पर पहुंचे अफसरों के सामने ग्रामीणों व परिजनों ने एसएचओ पर गंभीर आरोप लगाते हुए केस दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की। अफसरों के आश्वासन पर करीब तीन घंटे बाद जाम समाप्त हुआ।
गौरीगंज थाने के पूरे बैसन मजरे रौजा गांव निवासी कृष्णराम (58) को बुधवार को गांव का ही ठेकेदार रज्जन लकड़ी कटाने के लिए बाइक से साथ लेकर गया था। देर शाम संदिग्ध दशा में कृष्णराम का शव बेनीपुर बल्देव गांव के पास पड़ा मिला। पुलिस ने गुरुवार को शव का पोस्टमॉर्टम कराया था। पोस्टमॉर्टम के बाद शव घर पहुंचने के बाद गौरीगंज पुलिस ने परिजनों पर रात में ही शव का अंतिम संस्कार करने का दबाव बनाया। इससे परिजन व ग्रामीण आक्रोशित हो गए। रात में लोगों के आक्रोश के बाद पुलिस लौट तो गई लेकिन पुलिस के प्रति ग्रामीणों की नाराजगी शुक्रवार को प्रदर्शन में तब्दील हो गई। ग्रामीणों ने शव को जगदीशपुर-गौरीगंज मार्ग पर मऊ के पास रख कर जाम कर दिया।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे एसडीएम राकेश कुमार व सीओ मयंक द्विवेदी ने समझाने की कोशिश की तो आक्रोशित ग्रामीणों ने एसएचओ गौरीगंज पर कई आरोप लगाए। परिजनों ने कहा कि केस दर्ज करने तथा आर्थिक सहायता दिलाने के बाद ही वे जाम हटाएंगे। ग्रामीणों का आक्रोश कम नहीं हुआ तो एसडीएम अजीत कुमार सिंह व एएसपी विनोद कुमार पांडेय मौके पर पहुंचे। अफसरों ने एसएचओ पर लगे आरोप की जांच कर कार्रवाई करने, आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने तथा नियमानुसार आर्थिक सहायता दिलाने का भरोसा दिया तो करीब तीन घंटे बाद जाम समाप्त हुआ। शव हटने के बाद प्रशासन ने राहत की सांस ली।
तीन पर दर्ज हुआ हत्या का केस
जाम समाप्त होने के बाद पुलिस ने कृष्णराम की पत्नी बुधना की तहरीर पर बनीपुर बल्देव निवासी रज्जन, कसरावां गांव निवासी नवाब अली व पूरे इब्बादुल्ला गांव निवासी राममिलन चौरसिया पर हत्या का केस दर्ज किया।
छावनी में तब्दील गांव
अधेड़ की मौत के बाद उपजे आक्रोश को देखते हुए गांव में भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है। गांव में सीओ मुसाफिरखाना अर्पित कपूर व चार थानों की फोर्स व क्यूआरटी तैनात की गई है। फोर्स की तैनाती करने के बाद पुलिस नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ मामले की जांच में जुटी है।
परिजनों को रो-रोकर बुरा हाल
कृष्णराम की मौत के बाद पत्नी बुधना, पुत्र राममिलन, रामबरन व रामभवन के साथ पुत्री ज्ञाना को रो-रोकर बुरा हाल है। कृष्णराम की मौत से ग्रामीण गमगीन हैं। किसी को भी मौत की सूचना पर भरोसा नहीं हो रहा है। मजदूरी कर परिवार का पालन करने वाले कृष्णराम की मौत से परिवार के सामने आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है।
पोस्टमॉर्टम पर भी उठ रहे सवाल
कृष्णराम की मौत के बाद पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सिर में चोट लगने से मौत होने की बात प्रकाश में आई है। चोट कैसे लगी इसका कारण स्पष्ट कारण नहीं होने से ग्रामीण व परिजन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट पर भी सवाल उठा रहे हैं। हालांकि परिजन नामजद आरोपियों पर स्पष्ट रूप से हत्या का आरोप लगा रहे हैं तो पुलिस जांच के बाद ही कुछ बोलने की बात कह रही है।