लखनऊ। छावनी स्थित आर्मी मेडिकल कोर (एएमसी) में अग्निवीर भर्ती रैली के दौरान पेनकिलर्स लेकर प्रतिभाग करने वाले 15 अथ्यर्थी पकड़े गए। इन अभ्यर्थियों के स्टेरॉयड लेकर दौड़ लगाने की आशंका में जांच कराई गई, जिसमें पेनकिलर्स का होना पाया गया।
गत 16 नवंबर से एएमसी के स्टेडियम में अग्निवीर भर्ती रैली चल रही है। मध्य कमान के जनसम्पर्क अधिकारी शांतनु प्रताप सिंह ने बताया कि 11 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने लिखित परीक्षा पास की, जिनका फिजिकल टेस्ट लखनऊ एएमसी स्टेडियम में हो रहा था। यह बुधवार को समाप्त हुआ। बताया कि फिजिकल टेस्ट में अभ्यर्थी को 16 सौ मीटर की दौड़ पार करनी होती है। इसके बाद नौ फीट की लॉन्ग जम्प, जिगजैग व चिनअप्स करने होते हैं। इससे पास होने पर सीने की चौड़ाई व शरीर की लम्बाई मापी जाती है। ऐसे में दौड़ प्रमुख अंग है, जिसके पास होने पर अभ्यर्थी आगे बढ़ता है। रैली के अंतिम दिन तक करीब 15 अभ्यर्थी ऐसे पाए गए, जिन पर स्टेरॉयड लेकर दौड़ने की आशंका थी। जब उनकी जांच कराई गई तो रक्त में दर्दनाशक दवाओं का होना पाया गया। चूंकि, स्टेरॉयड परफॉर्मेंस बढ़ाने वाले ड्रग्स हैं और रैली में प्रतिबंधित हैं। ऐसे में अभ्यर्थियों की काउंसिलिंग कर छोड़ दिया गया। जांच में अभ्यर्थियों द्वारा डाइक्लोफिनेक, आईब्रूफेन, बाम, पैरासीटामॉल आदि लिया जाना पाया गया।
काउंसिलिंग कर बताए नुकसान
सेना के अफसरों ने अग्निवीर भर्ती रैली में शामिल होने पहुंचे युवकों को रैली के दौरान स्टेरॉयड से शरीर व कॅरिअर को होने वाले नुकसान के बारे में प्रतिदिन जानकारी दी। उन्हें जागरुक भी किया गया। उन्हें बताया गया कि ऐसा करते पाए जाने पर मुकदमा तक दर्ज कराया जा सकता है।