आंगनबाड़ी केंद्रों में आने वाले बच्चों की संख्या में अब गोलमाल नहीं हो सकेगा।
सरकार ने बच्चों का आधार नामांकन जरूरी कर दिया है। यानी पांच वर्ष की आयु तक के सभी बच्चों का आधार कार्ड बनवाया जाएगा।
आंगनबाड़ी केंद्रों में अक्सर बच्चों की संख्या को लेकर गोलमाल होता है। केंद्रों में बच्चे कम आते हैं लेकिन उनकी संख्या बढ़ाकर दिखाया जाता है।
इसी संख्या के आधार पर आंगनबाड़ी केंद्रों को पोषाहार व हाट एंड कुक्ड फूड की सुविधाएं दी जाती हैं।
इन्हीं को देखते हुए सरकार ने आंगनबाड़ी केंद्रों में आने वाले पांच वर्ष तक के सभी बच्चों का आधार नामांकन जरूरी कर दिया है।