लखनऊ। भातखंडे संस्कृति विश्वविद्यालय में आयोजित चार दिवसीय गायन कार्यशाला के तीसरे दिन शुक्रवार को सुरों की बयार बही। सुप्रसिद्ध शास्त्रीय गायक पद्मभूषण पंडित साजन मिश्र के निर्देशन में विद्यार्थियों का संगीत कौशल निखर रहा है। सुर साधक संगीत की बारीकियों को आत्मसात कर रहे हैं। प्रथम सत्र में पंडित साजन ने राग तोड़ी और अहीर भैरव के माध्यम से प्रशिक्षण देते हुए ''दधि बेचन'' और ''अलबेला सजन'' जैसी कालजयी बंदिशें सिखाईं। दूसरे सत्र में छोटा ख्याल और तराने के जरिये गायन की विविध शैलियों पर प्रकाश डाला। संयोजिका गायन विभाग की अध्यक्ष प्रो. सृष्टि माथुर की देखरेख में चल रही इस कार्यशाला में करीब 115 विद्यार्थी भारतीय शास्त्रीय संगीत की गहराइयों को समझ रहे हैं।