रायबरेली। यू-डायस पोर्टल पर बच्चों का डाटा भरने में 399 शैक्षिक संस्थान लापरवाही कर रहे हैं। इनमें ज्यादातर बेसिक और माध्यमिक शिक्षा के प्राइवेट स्कूल हैं। आठ मदरसों और कुछ सरकारी या सहायता प्राप्त विद्यालयों की लापरवाही भी सामने आई हैं। इन सभी स्कूल-कॉलेजों और मदरसों को चेतावनी जारी कर तीन दिन में काम पूरा करने को कहा गया है। काम अधूरा मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
शैक्षिक सत्र 2023-24 के लिए यू-डायस पोर्टल पर डाटा फीडिंग का काम सितंबर 2023 में शुरू हुआ था। जिले में संचालित 3,669 शैक्षिक संस्थाओं (सभी बोर्डों के सरकारी, सहायता प्राप्त, निजी विद्यालय एवं मदरसे) को स्कूल प्रोफाइल व फैसिलिटी, टीचर मॉड्यूल और स्टूडेंट मॉड्यूल की फीडिंग यू-डायस पोर्टल पर करनी है। स्कूल प्रोफाइल और टीचर मॉड्यूल का काम पूरा हो गया है, लेकिन स्टूडेंट्स मॉड्यूल की फीडिंग में 399 संस्थान लापरवाही कर रहे हैं।
यह काम अधूरा है। इनमें ज्यादातर प्राइवेट स्कूल शामिल हैं। जो बेसिक व माध्यमिक से संबंधित हैं। आठ मदरसों के साथ ही कुछ सरकारी या सहायता प्राप्त विद्यालय भी लापरवाही कर रहे हैं। इसीलिए जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, खंड शिक्षा अधिकारियों को लापरवाह विद्यालयों की सूची के साथ पत्र भेजा गया है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवेंद्र प्रताप सिंह ने कहा है कि अगर तीन दिन में पोर्टल पर छात्र-छात्राओं का डाटा नहीं भरा गया तो संबंधित विद्यालय का यू-डायस कोड बंद हो जाएगा।