आलमबाग के चंदरनगर इलाके में शनिवार देर रात करीब तीन बजे 25 से ज्यादा पटरी दुकानों में संदिग्ध हालात में आग लग गई। स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंचे दमकल कर्मियों ने तीन गाड़ियों की मदद से आग पर काबू पाया। दुकानदारों का कहना है कि उनका 35 लाख से अधिक का नुकसान हो गया। पटरी दुकानदारों ने पक्के दुकानदारों पर विवाद के चलते आग लगाने का आरोप लगाते हुए एफआईआर दर्ज कराई है। पुलिस जांच कर रही है।
यहां पक्की दुकानों के सामने पटरी दुकानदार वर्षों से कपड़े, कॉस्मेटिक्स आदि की दुकानें लगा रहे हैं। पक्की दुकानों के दुकानदारों इन्हें यहां से हटवाना चाहते हैं, जिसे लेकर दोनो पक्षों में विवाद चल रहा है। नगर निगम में भी कई बार शिकायत की जा चुकी है। शनिवार रात पटरी की एक दुकान में सोर रहे राजू को आग की तपिश महसूस हुई, जिसके बाद उसने शोर मचाकर लोगों को एकत्र किया। पुलिस व दमकलकर्मी भी मौके पर पहुंच गए। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद दमकल की तीन गाड़ियों की मदद से आग पर काबू पाया गया। लेकिन तब तक दो दर्जन से ज्यादा दुकानें जल चुकी थीं। अपनी जली हुईं दुकानें देखकर तमाम पटरी दुकानदार फफक पड़े। वहीं एडीएम पूर्वी ने दुकानदारों को शासन से सहयोग का आश्वासन दिया।
एसीपी अमित कुमावत व विनय कुमार द्विवेदी ने बताया कि प्रेम नगर निवासी पीड़ित दुकानदार बच्चा लाल समेत अन्य पटरी दुकानदारों ने आरोप लगाया है कि व्यापार मंडल से चार-पांच माह से उनका विवाद चल रहा है। इस मामले में पक्की दुकानों का बीस फीट कब्जा तोड़ने का आदेश हो चुका है। इसी के चलते उन दुकानदारों ने आग लगवाई है। एसीपी के मुताबिक मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी। वहीं चंदरनगर मार्केट गरीब दुकान कल्याण समिति के अध्यक्ष मुनीष चौधरी ने कहा कि कुछ लोग शॉर्ट सर्किट से आग लगने की बात कह जो सरासर गलत है।
दुकानदारों का रो-रोकर बुरा हाल
पटरी दुकान लगाने वाले सुजीत रोते हुए बताने लगे कि इसी से घर का खर्च चलता था। त्योहार होने के कारण सभी जमा पूंजी लगा रखी थी। ऐसे में दुकान में आग लगने से सारा सामान जलकर राख हो गया। वहीं रेखा बस यही कह रही थीं कि अब घर का खर्च कैसे चलेगा। बच्चालाल, धर्मेंद्र, सुजीत, सज्जित, मो. इरफान, मधु, रेखा, रानी, सुनीता आदि की दुकानें आग की चपेट में आई हैं। रविवार सुबह डीएम सूर्यपाल गंगवार समेत अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। डीएम ने बताया कि निरीक्षण किया गया है। किसी तरह की जानहानि नहीं हुई और आग की चपेट में आई दुकानों के नुकसान का आंकलन कराया जा रहा है। महापौर संयुक्ता भाटिया भी मौके पर पहुंचीं और हर संभव मदद का भरोसा दिया।