बहराइच। तराई में मौसम का मिजाज सुधर नहीं रहा है। सोमवार को भी तेज पछुवा हवाओं से ठिठुरन और गलन का अहसास हुआ। दोपहर में हल्की धूप निकली, लेकिन खास राहत नहीं मिली। जिसके चलते घरों से निकले लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। सबसे अधिक समस्या मजदूरीपेशा वर्ग के लोगों को हुई। जिले में सोमवार की सुबह कोहरे की चादर में लिपटी दिखी। आठ बजे के आसपास कोहरा तो छंट गया, लेकिन धुंध खत्म नहीं हुई। करीब 11:30 बजे आसमान में सूरज चमका, तब लोगों को लगा कि राहत मिलेगी। धूप निकलते देख लोगों के चेहरे भी खिल उठे। हालांकि दो बजे सूरज फिर गायब हो गया। इसके बाद सूरज और बादलों के बीच लुकाछिपी जारी रही। जिससे दिन भर लोग सिहरने को मजबूर रहे। फसल अनुसंधान केंद्र के प्रभारी डॉ. एमवी सिंह ने बताया कि अधिकतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम तापमान आठ डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। है। सात किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से पछुआ हवा चली। उन्होंने कहा कि दो दिन बाद मौसम में कुछ तब्दीली होने के संकेत मिल रहे हैं।