अरशद के घर पहुंचे क्षेत्र के मौलाना।
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गरीबों की मदद करना ही सबसे बड़ा पुण्य : मौलाना शेरमोहम्मद
संवाद न्यूज एजेंसी
नगीना । शुक्रवार को नगीना खंड के गावं उमरा में जमीयत उलेमा के सदस्यों ने मौलाना शेर मोहम्मद भादस की अध्यक्षता में एक बैठक की। जिसमें एक सप्ताह पहले कनार्टक में सडक़ दुर्घटना में मरने वाले गांव उमरा निवासी ट्रक ड्राइवर अरशद की मदद का फैसला लिया। मृतक अरशद के परिवार में 3 लडक़ा व 4 लडक़ी सहित सात बच्चें है। मृतक एक बहुत गरीब परिवार से ताल्लुक था। उमरा गांव के मौलाना शेरमोहम्मद ने बताया कि उन्होंने मृतक के कर्ज को अदा कर दिया है। गरीबों की मदद करना सबसे बड़ा पुण्य का कार्य है। उसके बाद जमीयत उलेमा ए भादस की तरफ से कारी जकरिया अध्यक्ष जमीयत उलेमा ने कहा कि 4 महीने घर के खाने का इंतजाम जमीयत उलेमा भादस करेगी। हाफिज रहीश ने कहा कि में उनके परिवार वालों का 4 महीने तक गांव वालों के सहयोग से पूरा ख्याल रखने की कोशिश करेंगे। साबिर मजाहिरी आफिस सचिव जमीयत उलेमा ए मेवात ने कहा जमीयत उलेमा ए मेवात की तरफ से आगे चलकर उनके बच्चों कि तालीम के बारे में गौर फिक्र किया जाएगा और उनके बच्चों के लिए तालीम का इंतजाम किया जाएगा। इस मौके पर मौलवी अख्तर हुसैन, हाफिज रहीश, हाजी बशीर अहमद, हाफिज सहरून, मौलाना आलम, साबिर मजाहिरी के अलावा गांव के काफी लोग मौजूद रहे।
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