फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

West Asia LIVE: होर्मुज में भारतीय नाविकों की तैनाती पर रोक; कुवैत और बहरीन में ड्रोन-मिसाइल से ईरान का हमला

Thu, 16 Jul 2026 07:40 PM IST
राकेश कुमार वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला।

खास बातें

West Asia LIVE: पश्चिम एशिया एक बार फिर बारूद की बची हुई आग पर खड़ा है। ईरान और अमेरिका के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर जारी तनाव ने पूरी दुनिया की सांसें थाम ली हैं। दुनिया का सबसे व्यस्त तेल रास्ता अब मिसाइलों और ड्रोन की आहट से गूंज रहा है। एक तरफ अमेरिका ने हवाई हमले के सेकंड वेव की शुरुआत कर दी है, तो दूसरी तरफ ईरान खाड़ी देशों को निशाना बनाकर जवाब दे रहा है। तेल की सप्लाई रुकने का खतरा, जहाजों का डर, बढ़ती कीमतें, पश्चिम एशिया का यह संकट अब सिर्फ दो देशों की लड़ाई नहीं, बल्कि पूरी दुनिया की चिंता बन चुका है। ताजा हमले, दोनों पक्षों के बयान और तेल बाजार पर असर से जुड़ी सभी बड़ी जानकारी पढ़ने के लिए बने रहें अमर उजाला के साथ...
 
विज्ञापन
पश्चिम एशिया में संघर्ष - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

लाइव अपडेट

07:37 PM, 16-Jul-2026

जॉर्डन के एयर डिफेंस ने नाकाम कीं ईरान की आठ मिसाइलें 

जॉर्डन की सेना ने बताया कि गुरुवार सुबह देश की ओर दागी गई ईरान की आठ मिसाइलों को उसकी वायु रक्षा प्रणाली (एयर डिफेंस सिस्टम) ने हवा में ही मार गिराया। सेना के बयान में कहा गया कि यह कार्रवाई तय रक्षा और सैन्य प्रक्रियाओं के तहत की गई, ताकि देश की संप्रभुता बनी रहे, हवाई क्षेत्र सुरक्षित रहे और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

बयान के मुताबिक, इस घटना में किसी की मौत या घायल होने की खबर नहीं है और न ही किसी तरह के संपत्ति नुकसान की जानकारी मिली है। जहां-जहां मिसाइलों का मलबा गिरा, वहां रॉयल इंजीनियरिंग कॉर्प्स की टीमों ने पहुंचकर उसे सुरक्षित तरीके से हटाया और इलाके को सुरक्षित किया। सिन्हुआ समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, सेना ने कहा कि जॉर्डन की सशस्त्र सेनाएं पूरी तरह सतर्क हैं। वे लगातार देश के हवाई क्षेत्र पर नजर रखे हुए हैं और किसी भी खतरे का तय नियमों के अनुसार जवाब देंगी।

इस बीच, सेंटकॉम ने गुरुवार तड़के (भारतीय समय के अनुसार) बताया कि अमेरिका ने ईरान पर एक और दौर के हमले किए हैं। सेंटकॉम ने 'एक्स' पर पोस्ट करते हुए कहा, अमेरिकी समय के अनुसार दोपहर तीन बजे अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ दूसरे चरण के हमले शुरू किए। इन हमलों का निशाना ईरान की वे सैन्य क्षमताएं हैं, जिनका इस्तेमाल होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों के लिए खतरा पैदा करने में किया जाता है। 

इससे पहले बुधवार (स्थानीय समय) को सेंटकॉम ने बताया था कि सुबह 6 बजे पूर्वी समय पर ईरान के खिलाफ हमलों का पहला दौर शुरू किया गया। समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, करीब 90 मिनट तक चले इस अभियान में अमेरिकी सेना ने ग्रेटर तुंब द्वीप पर मौजूद तटीय रक्षा प्रणालियों और क्रूज मिसाइलों के भंडारण और लॉन्च साइट पर सटीक हमले किए।

वहीं, ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने बुधवार को कहा कि उसने जवाबी कार्रवाई करते हुए बहरीन और जॉर्डन में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमला किया। स्थानीय मीडिया के मुताबिक, इन हमलों में सैन्य ढांचे, लड़ाकू विमानों के शेल्टर, अहम कमांड सेंटर और रणनीतिक ड्रोन को निशाना बनाया गया।

01:48 PM, 16-Jul-2026

ईरान पर हमलों के बाद तेल की कीमतों में आई गिरावट

ईरान पर अमेरिका के नए हमलों के बाद पहले तेल की कीमतों में तेजी देखी गई थी, क्योंकि निवेशकों को डर था कि तनाव बढ़ने से बड़े युद्ध की स्थिति बन सकती है और होर्मुज जलडमरूमध्य से तेल की सप्लाई प्रभावित हो सकती है। हालांकि, अब ट्रेडर्स इन हमलों के वास्तविक असर का आकलन कर रहे हैं। इसी वजह से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में हल्की नरमी आई है। सुबह 06:05 GMT तक ब्रेंट क्रूड की कीमत 44 सेंट यानी 0.52 प्रतिशत गिरकर 84.51 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई। इससे पहले इस सप्ताह ईरान और अमेरिका के बीच जवाबी हमलों के कारण तेल की कीमतों में तेजी आई थी।

12:54 PM, 16-Jul-2026

होर्मुज में भारतीय नाविकों की तैनाती पर रोक

भारत के महानिदेशालय नौवहन ने जहाज मालिकों, शिप मैनेजमेंट कंपनियों और भर्ती एजेंसियों को निर्देश दिया है कि अगले आदेश तक होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों पर भारतीय नाविकों (सीफेयरर्स) की तैनाती से बचा जाए। यह आदेश ऐसे समय जारी किया गया है, जब इस सप्ताह ईरानी हमलों में होर्मुज जलडमरूमध्य और उसके आसपास दो अलग-अलग जहाजों पर तैनात दो भारतीय नाविकों की मौत हो गई। इन घटनाओं के बाद भारत सरकार ने समुद्री क्षेत्र में बढ़ते सुरक्षा जोखिमों को देखते हुए एहतियाती कदम उठाया है।

सरकार ने अपने आदेश में क्या कहा?
महानिदेशालय नौवहन ने अपने आदेश में कहा, 'फारस की खाड़ी क्षेत्र में बिगड़ते सुरक्षा हालात को देखते हुए भारतीय नाविकों के हितों और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अतिरिक्त एहतियाती कदम उठाना आवश्यक है।' इसी के तहत जहाज मालिकों और संबंधित कंपनियों को फिलहाल होर्मुज़ मार्ग पर भारतीय नाविकों की तैनाती से बचने का निर्देश दिया गया है।

संयुक्त राष्ट्र ने क्या जानकारी दी है?
संयुक्त राष्ट्र  ने पिछले महीने कहा था कि 28 फरवरी से, जब अमेरिका-इज़राइल और ईरान के बीच युद्ध शुरू हुआ, तब से होर्मुज जलडमरूमध्य और उसके आसपास हुए हमलों में कम से कम 14 नाविकों की मौत हो चुकी है। इनमें तीन भारतीय चालक दल के सदस्य भी शामिल हैं, जिनकी 9 जून को ओमान तट के पास सेट्टेबेलो  तेल टैंकर पर अमेरिकी हमले में जान चली गई थी।

विज्ञापन
12:19 PM, 16-Jul-2026

कुवैत और बहरीन में अमेरिकी ठिकानों पर ड्रोन-मिसाइल हमले 

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने कुवैत और बहरीन में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर ड्रोन और मिसाइलों से बड़े हमले किए हैं। IRGC के अनुसार, कुवैत के अली अल सलेम एयर बेस स्थित सैटेलाइट संचार केंद्र, अर्ली वार्निंग रडार, पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम, ईंधन भंडारण और अश-शुआयबा स्थित अमेरिकी सैन्य घाट को निशाना बनाकर नष्ट कर दिया गया। वहीं, बहरीन के शेख ईसा एयर बेस पर संचार प्रणाली, सुपर हॉक और पैट्रियट रडार समेत हवाई निगरानी एवं नियंत्रण रडार तथा लड़ाकू विमानों के ईंधन पंपिंग स्टेशन को तबाह करने का दावा किया गया है। IRGC ने कहा कि ये हमले अमेरिका द्वारा अहवाज के बच्चों के कैंसर अस्पताल और खुज़ेस्तान व इलाम प्रांत में जल संयंत्रों पर किए गए हमलों के जवाब में किए गए हैं। संगठन ने कुवैत की जनता से अपील की कि वे अपनी जमीन का इस्तेमाल फिलिस्तीन, लेबनान, ईरान और यमन के खिलाफ हमलों के लिए न होने दें। साथ ही अमेरिकी सेनाओं को क्षेत्र से बाहर निकालने की मांग करते हुए कहा कि होर्मुज़ जलडमरूमध्य तभी खोला जाएगा, जब क्षेत्र में अमेरिका की दखलंदाजी और आक्रामक गतिविधियां समाप्त होंगी। IRGC ने अपने बयान के अंत में कहा लड़ाई जारी रहेगी।

12:03 PM, 16-Jul-2026

'दुनिया की कोई भी ताकत ईरान से होर्मुज नहीं छीन सकती'

ईरान के पूर्व विदेश मंत्री और सर्वोच्च नेता के सलाहकार अली अकबर वेलायती ने ईरान के सरकारी टीवी से कहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़) ईरान का है और इसे दुनिया की कोई भी ताकत ईरान से होर्मुज़ जलडमरूमध्य पर उसका अधिकार नहीं छीन सकती है। बता दें कि हाल के दिनों में तेहरान द्वारा इस अहम जलमार्ग में वैकल्पिक रास्ते का इस्तेमाल कर रहे टैंकरों पर हमले के बाद, अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों के लिए खतरा पैदा करने की ईरान की क्षमता को रोकने के मकसद से उस पर नए हमले शुरू किए। इसके जवाब में, ईरान खाड़ी क्षेत्र में उन ठिकानों पर हमले कर रहा है जिन्हें वह अमेरिकी ठिकाने बताता है।

विज्ञापन
11:37 AM, 16-Jul-2026

जॉर्डन के अल-अजराक एयरबेस पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने जॉर्डन के अल-अजराक (Azraq) एयरबेस पर खैबर-शिकन (Khyber-Shakan) बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला कर अमेरिकी लड़ाकू विमानों के स्टोरेज रैंप और पश्चिम एशिया में बने नए अमेरिकी कमांड एंड कंट्रोल सेंटर को निशाना बनाकर तबाह कर दिया। IRGC ने कहा कि यह कार्रवाई अमेरिका के उन हमलों के जवाब में की गई है, जिनके कारण अहवाज से कैंसर पीड़ित 121 बच्चों को निकालना पड़ा था और मार्च में मीनाब के एक स्कूल पर हुए हमले में 168 बच्चों की मौत हुई थी। संगठन ने जॉर्डन की जनता से अपील की कि वे अपनी जमीन का इस्तेमाल "बच्चों के खिलाफ ऐसे अपराधों" के लिए न होने दें। वहीं, जॉर्डन की सेना ने दावा किया है कि उसने बुधवार सुबह ईरान की ओर से दागी गई आठ मिसाइलों को रास्ते में ही इंटरसेप्ट कर नष्ट कर दिया।

11:10 AM, 16-Jul-2026

ईरान के सेमनान एयरपोर्ट और स्टोरेज को अमेरिका ने बनाया निशाना

हालिया तनाव बढ़ने के बाद अमेरिका ने एक सप्ताह के भीतर दूसरी बार उत्तरी ईरान पर हमला किया है। इससे पहले अक्काला में एक अहम रेलवे पुल को निशाना बनाया गया था, जिसे ईरान के वैकल्पिक व्यापार मार्गों के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। अब अमेरिका ने उत्तरी शहर सेमनान में एक नागरिक हवाई अड्डे की मुख्य इमारत पर हमला किया है। ईरानी अधिकारियों के अनुसार, एयरपोर्ट को मामूली नुकसान पहुंचा है, हालांकि उन्होंने हमले के बारे में ज्यादा जानकारी साझा नहीं की है। इसी शहर में स्थित एक स्टोरेज सुविधा भी अमेरिकी हमले की चपेट में आई, लेकिन वहां क्या रखा था और नुकसान कितना हुआ, इसे लेकर फिलहाल कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।

10:07 AM, 16-Jul-2026

कुवैत और बहरीन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमले का दावा

ईरान की सेना ने दावा किया है कि उसने अपने जवाबी सैन्य अभियान 'ऑपरेशन लाइटनिंग' के दसवें चरण के तहत कुछ घंटे पहले कुवैत और बहरीन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमले किए। सरकारी मीडिया में जारी बयान के अनुसार, कुवैत के अली अल सलेम एयर बेस पर मौजूद अमेरिकी सेना के रडार सिस्टम, पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम और ईंधन भंडारण टैंकों को निशाना बनाया गया। वहीं, एक अलग हमले में बहरीन के शेख ईसा एयर बेस पर अमेरिकी सेना द्वारा इस्तेमाल किए जा रहे संचार तंत्र, सुपर हॉक रडार, पैट्रियट रक्षा प्रणाली और अन्य रडार प्रतिष्ठानों पर ड्रोन से हमला करने का दावा किया गया। इससे पहले इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने भी कुवैत में अमेरिकी ठिकानों पर हमले का दावा करते हुए कहा था कि उसने अली अल सलेम एयर बेस पर तैनात सी-रैम (C-RAM) प्रारंभिक चेतावनी रडार और अमेरिकी सैनिकों के एक जमावड़े को निशाना बनाया। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।

10:00 AM, 16-Jul-2026

ईरान में तेहरान ने राजदूत को किया तलब

ब्रिटेन द्वारा इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) को यूके काउंटरिंग स्टेट थ्रेट्स एक्ट के तहत सुरक्षा खतरे के रूप में सूचीबद्ध किए जाने के बाद ईरान ने बुधवार को तेहरान में ब्रिटेन के राजदूत को तलब किया। ईरानी विदेश मंत्रालय ने तस्नीम समाचार एजेंसी के माध्यम से जारी बयान में कहा कि ब्रिटेन का यह कदम "बिना जवाब के नहीं छोड़ा जाएगा।" यह घटनाक्रम उस कार्रवाई के एक दिन बाद सामने आया है, जब ब्रिटेन ने लंदन में ईरान के कार्यवाहक राजदूत अली नसीमफर को तलब किया था। ब्रिटिश सरकार का आरोप है कि हाल के महीनों में ईरान ने यूरोप में हमलों को अंजाम देने के लिए अपने प्रॉक्सी समूहों का इस्तेमाल किया है। इसी आधार पर ब्रिटेन ने सोमवार को नए कानूनी प्रावधानों के तहत आईआरजीसी और उससे जुड़े एक संगठन को सुरक्षा खतरा घोषित किया। इन नए प्रावधानों का उद्देश्य विदेशी देशों को निगरानी, तोड़फोड़ और अन्य गुप्त गतिविधियों के लिए प्रॉक्सी संगठनों के इस्तेमाल से रोकना है।
 

09:51 AM, 16-Jul-2026

ईरान ने सक्रिय किया एयर डिफेंस

ईरान में संघर्ष लगातार तेज होता जा रहा है। राजधानी तेहरान के ऊपर एयर डिफेंस सिस्टम सक्रिय कर दिए गए हैं, जबकि राजधानी के पास स्थित पकदश्त और परचिन से भी इसी तरह की गतिविधियों की खबरें सामने आई हैं। पूर्वी ईरान के सेमनान में हवाई हमलों में एयरपोर्ट के कुछ हिस्सों को नुकसान पहुंचने की सूचना है, वहीं खोर्रमाबाद में भी कई विस्फोटों की खबर है। मध्य ईरान के मरकजी प्रांत के खोंदाब में भी नए हमले हुए हैं। यह इलाका इसलिए महत्वपूर्ण माना जाता है क्योंकि यहां ईरान की प्रमुख हेवी-वॉटर परमाणु सुविधा स्थित है और इससे पहले भी यह निशाने पर रह चुका है। दक्षिण-पश्चिमी ईरान के खुज़ेस्तान प्रांत में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने अंदीमेश्क के ऊपर अमेरिकी MQ-9 ड्रोन को मार गिराया है। ये घटनाक्रम ईरान के दक्षिणी तट पर कथित अमेरिकी हमलों के बाद सामने आए हैं। किश द्वीप, बंदर अब्बास बंदरगाह, होर्मुज़ जलडमरूमध्य के सामने स्थित सीरिक और दक्षिण-पूर्वी शहर कोनारक में भी धमाकों और हमलों की खबरें हैं। इस बीच ईरान ने कहा है कि उसकी जवाबी सैन्य कार्रवाई लगातार जारी है। आईआरजीसी के एक प्रवक्ता ने दावा किया कि फिलहाल क्षेत्र में अमेरिकी आक्रामक सैन्य ढांचे को निशाना बनाया जा रहा है और अभियान के अगले चरण भी शुरू किए जा सकते हैं। आईआरजीसी ने यह भी दावा किया है कि उसने क्षेत्र में मौजूद कई अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमले किए हैं।

09:48 AM, 16-Jul-2026

होर्मुज जलडमरूमध्य में शिपिंग लगभग ठप

समुद्री व्यापार से जुड़ी प्रतिष्ठित पत्रिका लॉयड्स लिस्ट के अनुसार, अमेरिका और ईरान के बीच फिर से बढ़े सैन्य तनाव के बीच होर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुजरने वाला जहाजी यातायात लगभग ठप हो गया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि गैर-ईरानी जहाज़ों की आवाजाही लगभग पूरी तरह गायब हो चुकी है और जो जहाज़ अब भी इस संवेदनशील समुद्री मार्ग से गुजरने की कोशिश कर रहे हैं, वे अपनी लोकेशन बताने वाले ट्रांसपोंडर बंद रखकर 'डार्क ट्रांजिट' के जरिए यात्रा कर रहे हैं, ताकि उनकी स्थिति का पता न चल सके। लॉयड्स लिस्ट का यह भी कहना है कि होर्मुज़ में बढ़ते इस नए गतिरोध ने अमेरिका समर्थित इराक–सीरिया किर्कुक–बानियास पाइपलाइन परियोजना को दोबारा सक्रिय करने की योजनाओं को और गति दे दी है, ताकि ऊर्जा आपूर्ति के लिए होर्मुज़ पर निर्भरता कम की जा सके।

09:46 AM, 16-Jul-2026

एरबिल में ड्रोन हमलों पर इराक की कड़ी प्रतिक्रिया

इराक के प्रधानमंत्री अली अल-जैदी ने कुर्दिस्तान क्षेत्र के एरबिल शहर में हुए ड्रोन हमलों की कड़ी निंदा की है। सोशल मीडिया मंच एक्स पर जारी बयान में उन्होंने कहा कि इराक इस तरह के हमलों की कड़े शब्दों में निंदा करता है और देश की स्थिरता तथा सुरक्षा को कमजोर करने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि सुरक्षा एजेंसियों को कुर्द क्षेत्रीय बलों के साथ समन्वय बढ़ाकर ऐसे हमलों को रोकने के निर्देश दिए गए हैं। यह बयान एरबिल पुलिस की उस जानकारी के बाद आया, जिसमें बताया गया कि शहर में पांच ड्रोन हमले हुए। पुलिस के अनुसार, इनमें से एक ड्रोन को अमेरिकी वाणिज्य दूतावास (यूएस कॉन्सुलेट) के पास मार गिराया गया, जिससे वहां आग लग गई और मिशन की एयर डिफेंस प्रणाली सक्रिय हो गई। वहीं, दो अन्य ड्रोन शहर के बाहरी इलाके में स्थित एक अमेरिकी सैन्य अड्डे के पास जाकर गिर गए।

09:39 AM, 16-Jul-2026

जॉर्डन ने ईरानी मिसाइलों को मार गिराने का दावा किया

जॉर्डन की सशस्त्र सेनाओं ने दावा किया है कि उन्होंने देश की ओर बढ़ रही ईरान की आठ मिसाइलों को बीच रास्ते में ही इंटरसेप्ट कर नष्ट कर दिया। सरकारी समाचार एजेंसी पेट्रा के मुताबिक, सैन्य सूत्रों ने बताया कि इस कार्रवाई के दौरान किसी भी तरह की जनहानि या संपत्ति का नुकसान नहीं हुआ। रॉयल इंजीनियरिंग कॉर्प्स की टीमों ने विभिन्न स्थानों पर गिरे मिसाइलों के मलबे को सुरक्षित कर लिया है। सैन्य सूत्रों ने कहा कि जॉर्डन की सशस्त्र सेनाएं देश के हवाई क्षेत्र पर लगातार कड़ी निगरानी रखे हुए हैं और किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। इससे पहले ईरानी सेना ने दावा किया था कि उसने जॉर्डन स्थित अमेरिकी सेना के अजराक एयर बेस पर हमले के लिए ड्रोन का इस्तेमाल किया। ईरान के अनुसार, इन ड्रोन हमलों का निशाना संचार प्रणाली, स्थायी रडार स्टेशन और ईंधन भंडारण केंद्र थे।
 

09:37 AM, 16-Jul-2026

आईआरजीसी ने पकदश्त और परचिन में धमाकों पर क्या कहा?

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने तेहरान के निकट स्थित पकदश्त शहर में सुनी गई विस्फोटों की आवाजों को लेकर बयान जारी किया है। आईआरजीसी के अनुसार, ये धमाके किसी हमले का परिणाम नहीं, बल्कि वायु रक्षा प्रणाली (एयर डिफेंस) की कार्रवाई के दौरान हुए थे। संगठन ने स्पष्ट किया कि तेहरान के पास स्थित सैन्य परिसर परचिन और पकदश्त, दोनों स्थानों पर इस घटना में किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई है। आईआरजीसी ने कहा कि हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं और सुरक्षा एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।

 

08:51 AM, 16-Jul-2026

ईरान के सेमनान एयरपोर्ट को बनाया गया निशाना

ईरान के सरकारी प्रसारक आईआरआईबी (IRIB) के मुताबिक, सेमनान शहर के एयरपोर्ट के कुछ हिस्सों को दुश्मन की ओर से किए गए हवाई हमलों में निशाना बनाया गया है। यह जानकारी उत्तर-मध्य ईरान के सेमनान प्रांत के संकट प्रबंधन मुख्यालय के प्रवक्ता के हवाले से दी गई है। प्रवक्ता ने बताया कि हमले के बाद आपातकालीन सेवाओं की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया गया। उन्होंने कहा कि सेमनान प्रांत के किसी भी शहर या गांव के रिहायशी इलाके को निशाना नहीं बनाया गया है। फिलहाल हालात पर नजर रखी जा रही है और संबंधित एजेंसियां पूरे मामले की जांच में जुटी हैं।

08:07 AM, 16-Jul-2026

जॉर्डन के अजराक एयरबेस ईरान ने किया हमले का दावा 

ईरानी सेना ने दावा किया है कि उसने जॉर्डन के अजराक एयर बेस पर मौजूद अमेरिकी सैन्य सुविधाओं को हमला करने वाले ड्रोन से निशाना बनाया। फार्स समाचार एजेंसी के अनुसार, सेना ने कहा कि 'साएकेह' ऑपरेशन के नौवें चरण के तहत संचार प्रणालियों, स्थायी रडार स्टेशन और अमेरिकी सेना के ईंधन भंडार को लक्ष्य बनाया गया। ईरान का कहना है कि यह कार्रवाई हाल में उस पर हुए हमलों के जवाब में की गई, जिसमें ईरानशहर के बामपुर बैरक पर हुए हमले में उसके सात सैनिकों की मौत होने का दावा किया गया है। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।

08:02 AM, 16-Jul-2026

कुवैत के अमेरिकी एयरबेस पर ईरान ने किया हमले का दावा 

ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने कुवैत स्थित अली अल सलेम एयर बेस पर संयुक्त मिसाइल और ड्रोन हमला किया। सरकारी प्रसारक IRIB के अनुसार, IRGC ने कहा कि उसके 'नस्र-2' ऑपरेशन की आठवीं लहर के तहत एयरबेस पर मौजूद C-RAM अर्ली वार्निंग रडार और अमेरिकी सैनिकों के जमावड़े को निशाना बनाया गया। IRGC ने यह भी आरोप लगाया कि अमेरिका ईरान पर हमले करने के लिए कुवैत की जमीन का इस्तेमाल कर रहा है और कुवैती नागरिकों से देश से अमेरिकी सैन्य बलों को हटाने की मांग करने की अपील की। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।

06:57 AM, 16-Jul-2026

अमेरिका ने ईरान पर दागीं मिसाइलें, भड़के तेहरान ने कुवैत और बहरीन पर किया हमला

पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है, जिससे क्षेत्र में पूर्ण युद्ध का खतरा मंडराने लगा है। अमेरिका द्वारा ईरान पर दोबारा समुद्री नाकेबंदी लगाने और ताबड़तोड़ हवाई हमले करने के बाद, ईरान ने गुरुवार सुबह अमेरिकी सैन्य ठिकानों वाले पड़ोसी देशों कुवैत और बहरीन पर मिसाइल और ड्रोन से हमले किए। सुरक्षा के मद्देनजर बहरीन और कुवैत में मिसाइल अलर्ट के सायरन गूंज उठे, जबकि जॉर्डन ने अपनी सीमा में घुस रही तीन ईरानी मिसाइलों को हवा में ही मार गिराया। ईरान ने चेतावनी दी है कि अमेरिकी नाकेबंदी के कारण अगर वह तेल निर्यात नहीं कर पाया, तो इस क्षेत्र से किसी को भी तेल और गैस का निर्यात नहीं करने दिया जाएगा।

ईरानी तेल टैंकर को अमेरिका ने बनाया पंगु
इससे पहले अमेरिका ने पिछले 24 घंटों में ईरान पर हमलों के तीन बड़े दौर चलाए, जिसमें पहली बार दिन के उजाले में भी बमबारी की गई। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के मुताबिक, होर्मुज जलडमरूमध्य में चेतावनी की अनदेखी कर आगे बढ़ रहे एक तेल टैंकर को अमेरिकी फाइटर जेट ने मिसाइल दागकर पंगु बना दिया। अमेरिकी मिसाइलों ने सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत में ईरानी सेना की एक बैरक और मिसाइल ठिकानों को भी निशाना बनाया, जिसमें सात सैनिकों की मौत हो गई। ईरानी स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, हालिया अमेरिकी हमलों में अब तक 35 से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं और 300 से अधिक घायल हैं। इस भीषण सैन्य टकराव के बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान शांति समझौते के लिए तैयार है, क्योंकि ईरान ने सद्भावना दिखाते हुए 2024 से जासूसी के आरोप में बंद अमेरिकी नागरिक देना करारी को रिहा कर दिया है।

05:37 AM, 16-Jul-2026

पश्चिम एशिया तनाव: आज क्या-क्या हुआ?  

ईरान पर अमेरिकी हमले: अमेरिकी सेना ने ईरान पर दो बार हवाई हमले किए ताकि होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की सुरक्षा की जा सके।

इन जगहों पर धमाके: बुधवार देर रात ईरान के केश्म द्वीप, बंदर अब्बास और सिस्तान-बलूचिस्तान में धमाके हुए। अह्वाज़ में बमबारी के चलते बच्चों का एक कैंसर अस्पताल खाली कराना पड़ा।

समुद्री नाकाबंदी: अमेरिकी नौसेना ने ईरान की घेराबंदी करते हुए ईरान जा रहे तीन जहाजों को रोक दिया।

होर्मुज जलमार्ग बंद: ईरान की सेना ने कहा है कि जब तक अमेरिका उनके नियम नहीं मानेगा, तब तक होर्मुज जलमार्ग बंद रहेगा।

इराक में हमला: उत्तरी इराक के इरबिल शहर में पांच ड्रोन हमले हुए।

कुवैत की कार्रवाई: कुवैत के रक्षा मंत्रालय ने ईरान के 21 ड्रोनों को हवा में ही मार गिराया।

UN की चिंता: संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते तनाव पर गहरी चिंता जताई।

ईरान का रुख: ईरान के मुख्य वार्ताकार ने बातचीत के लिए निष्पक्ष रास्ता अपनाने को कहा। साथ ही, आईआरजीसी बैन पर ईरान ने ब्रिटिश राजदूत को तलब किया।

02:06 AM, 16-Jul-2026

खाड़ी देशों पर ईरानी हमलों की यूएई ने की कड़ी निंदा

संयुक्त अरब अमीरात ने बहरीन, कुवैत और जॉर्डन पर हुए ईरानी हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की है। यूएई के विदेश मंत्रालय ने इन हमलों को भाईचारे वाले देशों की संप्रभुता का खुला उल्लंघन बताया है। मंत्रालय ने साफ कहा कि यह हमला इन देशों की सुरक्षा और स्थिरता के लिए एक बड़ा खतरा है।

02:05 AM, 16-Jul-2026

अमेरिका-ईरान तनाव: संकट के बीच कई एयरलाइंस ने रद्द कीं पश्चिम एशिया की उड़ानें

अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण कई बड़ी एयरलाइंस ने पश्चिम एशिया जाने वाली अपनी उड़ानें रद्द कर दी हैं। ग्रीस की एजियन एयरलाइंस, एयर कनाडा और एयर फ्रांस-केएलएम ने दुबई, तेल अवीव और अन्य शहरों के लिए अपनी सेवाएं रोक दी हैं। इसमें एयर कनाडा ने 24 अक्टूबर तक तेल अवीव और दुबई की उड़ानें रद्द की हैं। एजियन एयरलाइंस ने 31 अगस्त तक दुबई और 30 सितंबर तक एरबिल व बगदाद की उड़ानें निलंबित रखी हैं। उधर, एयर फ्रांस ने 2 अगस्त तक बेरूत और केएलएम ने 15 जुलाई तक रियाद, दम्माम व दुबई की उड़ानें रोक दी हैं। हालांकि, हॉन्गकॉन्ग की कैथे पैसिफिक ने 1 सितंबर से दुबई और रियाद के लिए अपनी उड़ानें फिर से शुरू करने की योजना बनाई है।

02:03 AM, 16-Jul-2026

बंदर अब्बास में भी हमले, सुनी गई धमाकों की आवाज

ईरान की मेहर न्यूज एजेंसी के मुताबिक, बंदर अब्बास में धमाके हुए हैं। एजेंसी ने यह भी बताया कि अमेरिकी प्रोजेक्टाइल शहर के पास एक जगह पर गिरे। 

02:01 AM, 16-Jul-2026

ईरान के अहवाज में भी हमले की खबर

ईरान की मेहर न्यूज एजेंसी ने इराक की सीमा के पास स्थित अहवाज शहर में धमाकों की आवाज़ सुनाई देने की खबर दी है। इस महीने तनाव फिर से शुरू होने के बाद से अमेरिकी सेना ने कई बार अहवाज को निशाना बनाया है। दावा किया जा रहा है कि होर्मुज में ईरानी धमकी के खिलाफ अमेरिका ने फिर से हमला शुरू किया है। 

01:53 AM, 16-Jul-2026

चाबहार में सुनी गई धमाकों की आवाज, अमेरिकी ने किया हमला

ईरान की मेहर न्यूज़ एजेंसी के मुताबिक, चाबहार में तीन धमाके हुए हैं। इससे पहले ईरानी मीडिया ने खबर दी थी कि अमेरिकी मिसाइलों ने ईरान के शहर चाबहार में एक नेवल वॉचटावर को निशाना बनाया। यह वॉचटावर एक सिविलियन सुविधा है, जिसका इस्तेमाल समुद्री सुरक्षा और मछुआरों के लिए खोज और बचाव कार्यों में किया जाता है।

01:29 AM, 16-Jul-2026

West Asia LIVE: होर्मुज में भारतीय नाविकों की तैनाती पर रोक; कुवैत और बहरीन में ड्रोन-मिसाइल से ईरान का हमला

पश्चिम एशिया संकट से जुड़ीं आज की बड़ी बातें

  • ईरान के शीर्ष वार्ताकार गालिबाफ का कहना है कि देश ने कभी युद्ध का स्वागत नहीं किया और उन्होंने अमेरिका के साथ बातचीत और युद्ध से निपटने के लिए गैर-पक्षपाती तरीका अपनाने की अपील की है।
  • इस्राइल का कहना है कि उसकी सेना ने दक्षिणी लेबनान के कस्बों बिंत जेबिल और ऐतारून को घेर लिया है।
  • ईरान पर हुए हालिया अमेरिकी हमलों में कम से कम 35 ईरानी मारे गए हैं।
  • अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने ईरान में नागरिक ठिकानों पर हमला करने से इनकार किया है।
  • अमेरिकी वित्त विभाग ने प्रतिबंधों की एक नई सूची जारी की है, जिसमें ईरानी नागरिक और व्यवसाय शामिल हैं।
  • इस्राइली कब्जे वाले वेस्ट बैंक में अपनी कार्रवाई जारी रखे हुए है, जहां अल-खादर कस्बे में सैनिकों ने फिलिस्तीनी किसानों को बंदूक की नोक पर अपनी जमीन खाली करने का आदेश दिया।

विज्ञापन
MORE
AU ऐप में पढ़ें