वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप में मरने वालों की संख्या बढ़कर 920 हो गई है और 3,360 लोग घायल हुए हैं। एसोसिएटेड प्रेस ने अधिकारियों के हवाले से यह जानकारी दी।
वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचाई है। इस भीषण आपदा में मरने वालों की संख्या बढ़कर 589 हो गई है, जबकि 2,980 लोग घायल हैं। देश की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने शुक्रवार सुबह सरकारी और सैन्य अधिकारियों की मौजूदगी में इस बात की घोषणा की। उन्होंने दुनिया भर से आए राहत और बचाव दलों का स्वागत करते हुए कहा कि मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकालने के लिए हमारी टीमें बिना थके लगातार काम कर रही हैं। बुधवार शाम को आए 7.2 और 7.5 तीव्रता के इन भूकंपों से ला गुएरा राज्य सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। हालात को देखते हुए इस पूरे इलाके को सैन्य नियंत्रण में ले लिया गया है, जहां सेना के जवान जीवित बचे लोगों की तलाश के साथ-साथ प्रभावितों को भोजन और पानी बांटने के काम में जुटे हैं।
भारतीय सेना ने ऑपरेशन अमिस्ताद (Operation Amistad) शुरु किया है। वेनेजुएला में भूकंप पीड़ितों की सहायता के लिए यहां से टीम रवाना हो चुकी है। भारतीय सैनिक वेनेजुएला के भूकंप प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव अभियान चलाएंगे। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने एक्स पर पोस्ट किया कि ऑपरेशन अमिस्ताद के तहत भारतीय वायु सेना के दो सी-17 विमान भूकंप प्रभावित वेनेजुएला के राहत एवं बचाव प्रयासों में सहायता के लिए तत्काल राहत सामग्री लेकर रवाना हुए। इस सहायता में भारतीय सेना की फील्ड हॉस्पिटल यूनिट के साथ 35 टन से अधिक राहत सामग्री, दवाइयां और चिकित्सा उपकरण शामिल हैं।
— Dr. S. Jaishankar (@DrSJaishankar) June 26, 2026
वेनेजुएला की सरकार क्षतिग्रस्त अस्पतालों और घरों के पुनर्निर्माण के लिए 200 मिलियन अमेरिकी डॉलर का कोष बना रही है। इसके अलावा मेक्सिको, कतर, ब्राजील, स्पेन, पुर्तगाल और कनाडा ने सहायता भेजने का वादा किया है। कई खेपें रवाना हो चुकी हैं, कई पहुंच चुकी हैं। भेजी गई सहायता में सैन्य कर्मी, खोजी कुत्ते, चिकित्सा सामग्री, हवाई जहाज और ड्रोन शामिल हैं।
वेनेजुएला में संयुक्त राष्ट्र के अधिकारियों ने देश की सरकार से कहा है कि सोशल मीडिया पर लगे प्रतिबंध हटाए जाएं। जीवन रक्षक उपायों और रेस्क्यू ऑपरेशन के मद्देनजर की गई इस अपील के कुछ देर बाद देश के नागरिक सोशल मीडिया का इस्तेमाल करने लगे। जुलाई, 2024 में चुनाव के बाद तत्कालीन राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने अगस्त 2024 में बैन लगाया था। इसका कारण राष्ट्रपति चुनाव में जीत के दावे को खारिज करने वाले लोगों के बीच सूचनाओं के आदान-प्रदान को रोकना था।
वेनेजुएला के भूकंप पीड़ित अपने परिजनों की तलाश में दर-दर भटक रहे हैं। जगह-जगह लोगों के पोस्टर लगाए जा रहे हैं। अपने प्रियजनों की तलाश कर रहे भूकंप पीड़ित हाथों से लिखकर नामों की सूची भी जारी कर रहे हैं। विदेश में रहने वाले वेनेजुएला के लोगों को अपने रिश्तेदारों से संपर्क करने में कठिनाई हो रही है।
भूकंप के बाद राजधानी काराकास के कुछ हिस्सों में बिजली और मोबाइल सेवा भी बाधित हुई है। मेट्रो सेवाएं निलंबित कर दी गईं और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति बंद कर दी गई। सरकार ने कहा है कि प्रभावित इलाकों में स्कूलों में कक्षाएं भी रद्द रहेंगी और शिक्षा मंत्रालय ने कहा कि कुछ स्कूल भवनों को आश्रय स्थलों और दान केंद्रों के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा।
भूकंप प्रभावित इलाके में एक अन्य प्रत्यक्षदर्शी और राहत और बचाव कार्यों में मदद कर रहीं 41 वर्षीय सफाईकर्मी मारिया क्रिस्टीना डियाज ने बताया, ऐसा लग रहा है कि इमारतें हम पर गिर जाएंगी। मेरी मां, बेटी और मैं कांप रहे हैं। हम एक पल भी नहीं सो पाए।
समाचार एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक ला गुआइरा में भूकंप पीड़िता क्रिस्टियन कैरेनो ने बताया कि भूकंप के बाद उनकी बिल्डिंग खतरनाक तरीके से एक तरफ झुक गई। उन्होंने कहा, मैंने सब कुछ खो दिया। मुझे डर है कि कुछ लोग इमारत के अंदर ही फंसे हुए हैं। सबकुछ बेहद भयावह है। ला गुआइरा के अलावा काराकस में, सैकड़ों लोगों ने रात पार्कों, पार्किंग स्थलों और अन्य खुले स्थानों में इकट्ठा होकर बिताई।
ब्राजील के राष्ट्रपति ने राहत और बचाव कार्य के संबंध में कहा कि वायुसेना एक दूसरी फ्लाइट के माध्यम से फील्ड हॉस्पिटल बनाने में भी मदद करेगी। इसके लिए जरूरी सामान, 100 सोलर-पावर्ड वॉटर प्यूरीफायर, दवाएं और सर्जरी के लिए मेडिकल सप्लाई ले जाई जाएगी। उन्होंने कहा, ब्राजील वेनेजुएला के पीड़ितों के लिए चलाए जाने वाले राहत और बचाव अभियान पर नजर रखेगा, ताकि वेनेजुएला में अधिकांश भूकंप पीड़ितों की हर जरूरी मदद की जा सके।
ब्राजील के राष्ट्रपति ने जितनी सहायता का वादा किया है, इसमें 36 फायरफाइटर्स, चार नेशनल सिविल डिफेंस टेक्नीशियन और नेशनल टेलीकम्युनिकेशन एजेंसी के चार स्पेशलिस्ट की टीम होगी। न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, ब्राजील की एयर फोर्स का केसी-390 एयरक्राफ्ट गिरी हुई इमारतों के मलबे में फंसे पीड़ितों के लिए सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन को मजबूत करने के लिए नौ टन का सामान भी ले जाएगा।
ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला डा सिल्वा ने बुधवार को आए दो जोरदार भूकंपों के बाद, वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज के साथ फोन पर बात की। उन्होंने प्रभावित इलाके में सर्च और रेस्क्यू टीम भेजने का वादा किया है। राष्ट्रपति लूला ने कहा कि ब्राजीलियाई एयर फोर्स का केसी-390 एयरक्राफ्ट शुक्रवार को ग्वारूलहोस इंटरनेशनल एयरपोर्ट से रवाना होगा।
अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने गुरुवार को वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप से प्रभावित लोगों के प्रति दुख और संवेदना जताई। आईएमएफ ने कहा कि वह वेनेजुएला की सरकार के साथ मिलकर इस आपदा से देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ने वाले असर का आकलन कर रहा है। आईएमएफ की कम्युनिकेशंस डिपार्टमेंट की निदेशक जूली कोजैक ने एक प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि अभी यह बताना जल्दबाजी होगी कि आईएमएफ कितनी सहायता देगा। इस मुश्किल समय में हमारी संवेदनाएं वेनेजुएला के लोगों के साथ हैं। भूकंप के बाद आईएमएफ लगातार वेनेजुएला के अधिकारियों के संपर्क में है।
वेनेजुएला के विदेश मंत्री इवान गिल ने गुरुवार को राहत और बचाव कार्य के संबंध में कहा, सरकार अंतरराष्ट्रीय सहायता और समन्वय के लिए सभी जरूरी व्यवस्थाएं कर रही है। उन्होंने बताया कि क्षेत्रीय देशों सहित दुनिया के विभिन्न हिस्सों के कम से कम एक दर्जन देशों ने वेनेजुएला को हरसंभव सहायता मुहैया कराने की पेशकश की है।
वेनेजुएला में बुधवार रात (स्थानीय समय) आए 7.2 और 7.5 तीव्रता के भूकंप को लेकर देश की नेशनल असेंबली के अध्यक्ष जॉर्ज रोड्रिगेज ने बताया कि हम ज्यादा से ज्यादा लोगों को बचाने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भूकंप के बाद आए लगातार झटकों (आफ्टरशॉक्स) के कारण क्षतिग्रस्त इमारतों के गिरने का खतरा बना हुआ है। देश के उत्तर-मध्य राज्य ला गुएरा में बहुत ज्यादा तबाही मची है। काराकस मेट्रोपॉलिटन इलाके में भी भारी नुकसान हुआ है। उन्होंने बताया कि 20 करोड़ अमेरिकी डॉलर का विशेष राहत कोष बनाने और प्रभावित कारोबारियों के लिए विशेष ऋण सुविधा शुरू करने का भी आदेश दिया गया है।
वेनेजुएला के लोगों के प्रति एकजुटता व्यक्त करते हुए मेक्सिको की महिला राष्ट्रपति क्लाउडिया शिनबाम ने कहा कि उन्होंने दक्षिण अमेरिकी देश को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की तैयारी के निर्देश दिए हैं। विदेश मामलों के सचिव देश (वेनेजुएला) की सरकार के संपर्क में है। राहत और बचाव अभियान में स्वास्थ्य में विशेषज्ञों से भी मदद की अपील की गई है। मेक्सिको आपदा के ऐसे मौके पर हमेशा एकजुट रहेगा।
करीब 28 साल पहले वर्ष 1999 में वेनेजुएला भूस्खलन से प्रभावित हुआ था। हजारों लोगों की मौत के कारण इसे देश की सबसे भीषण प्राकृतिक आपदाओं में से एक माना जाता है। इस भूकंप के बाद डोमिनिकन गणराज्य की रेस्क्यू टीम प्रभावित इलाकों में सबसे पहले पहुंची। हालांकि, देश के माहौल को देखते हुए चुनौतियां अधिक गंभीर हैं और कार्यवाहक राष्ट्रपति रोड्रिगेज के लिए ये किसी अग्निपरीक्षा से कम नहीं। ऐसा इसलिए क्योंकि इसी साल जनवरी में मादुरो की गिरफ्तारी के बाद पूर्व उपराष्ट्रपति रोड्रिगेज ने पदभार संभाला है।
वेनेजुएला में जानमाल के नुकसान को लेकर दुनियाभर में संवेदनाएं जताई जा रही हैं। गुरुवार को भूकंप की खबर आने के बाद भारत की तरफ से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि आपदा की इस घड़ी में देश हरसंभव मदद करने के लिए तैयार है। आज ओडिशा में पुरी के समुद्र तट पर रेत से कलाकृतियां बनाने के लिए मशहूर पद्मश्री सुदर्शन पटनायक की सैंड आर्ट बनाकर वेनेजुएला भूकंप पीड़ितों के प्रति संवेदना जताई।
ये खबरें भी पढ़ें-
दरअसल, वेनेजुएला में प्राकृतिक आपदा के अलावा भी कई बड़ी चुनौतियां मुंह बाए खड़ी हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि लगभग छह महीने पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देश पर देश की सेना ने अचानक की गई एक अप्रत्याशित कार्रवाई में देश के तत्कालीन राष्ट्रपति और उनकी पत्नी को गिरफ्तार कर लिया। दोनों अमेरिकी कोर्ट में मुकदमे का सामना भी कर रहे हैं। फिलहाल, देश की जनता मौजूदा शासन को पूरी तरह स्वीकार नहीं करती। ऐसे में समन्वय के साथ रेस्क्यू ऑपरेशन चलाना बेहद जटिल है।
वेनेजुएला का भूकंप सबसे भीषण प्राकृतिक आपदा की तरह भी देखा जा रहा है। राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहे इस देश में अमेरिकी दखल भी चिंता का कारण है। प्रभावित इलाके में एयरपोर्ट बंद होने के कारण बाहर से आने वाली मदद पर भी संकट के बादल मंडरा रहे हैं।
Venezuela Earthquake Deaths Rescue LIVE News Updates: वेनेजुएला में भूकंप के 30 घंटे से भी अधिक बीत चुके हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। भूकंप से हुई मौतों का आंकड़ा 235 तक पहुंच गया है। स्थानीय राहत और बचाव कार्य एजेंसियां भूकंप प्रभावित इलाकों में मलबे हटाने का काम कर रही हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन में लगे अधिकारियों के हवाले से आई जानकारी के मुताबिक हताहतों की संख्या हजारों में है, ऐसे में मृतकों का आंकड़ा बढ़ने की आशंका है। देश की कार्यवाहक राष्ट्रपति रोड्रिगेज ने देश में आपातकाल का एलान कर दिया है। भारत, अमेरिका और फ्रांस समेत दुनिया के कई देशों ने वेनेजुएला की तरफ मदद के हाथ बढ़ाए हैं।
भूकंप की ये खबरें भी पढ़ें-