यूक्रेन में कीव के बाहरी हिस्सों और अन्य क्षेत्रों में गुरुवार को भीषण लड़ाई हुई। देश के राष्ट्रपति वोलोदीमीर जेलेंस्की ने एक वीडियो संदेश में कहा कि यूक्रेन देख रहा है कि डोनबास पर नए सिरे से हमला करने के लिए रूस अपने सैनिकों को एकत्र कर रहा है और हम भी इसके लिए तैयार हैं।
यूक्रेन की परमाणु ऊर्जा संचालक कंपनी एनर्जोएटम ने कहा है कि रूस के सैनिक चेर्नोबिल परमाणु ऊर्जा संयंत्र को छोड़कर बेलारूस के साथ लगी यूक्रेन की सीमा की ओर बढ़ रहे हैं। कंपनी ने कहा कि रूसी सेना पास के शहर स्लावुटिक को छोड़ने की भी तैयारी कर रही है, जहां परमाणु ऊर्जा संयंत्र के कर्मचारी रहते हैं। एनर्जोएटम के अनुसार इस बात की पुष्टि हुई है कि रूसी सैनिकों ने चेर्नोबिल संयंत्र के आस-पास के 10 किमी वर्ग क्षेत्र में रेड फॉरेस्ट इलाके में खाईयां खोदी थीं। उन्हें विकिरण का भी सामना करना पड़ा था, जिसके कारण वह बीमार पड़ने लगे। इसके बाद संयंत्र को छोड़ने का फैसला लिया गया।
यूक्रेन के एक लाख लोगों को शरण देने की अमेरिका की घोषणा के बाद सेक्रामेंटों और सिएटल जैसे शहरों में पहले से मौजूद यूक्रेनी लोग युद्धग्रस्त देश से भागकर आए लोगों को भोजन, आश्रय और सहायता प्रदान कर रहे हैं। अमेरिकी सरकार ने अभी यह नहीं बताया है कि यूक्रेन के लोगों को कब तक औपचारिक रूप से अमेरिका में बसाया जाएगा, लेकिन अमेरिका में पहले से मौजूद यूक्रेनी समूह दूसरे रास्तों से देश में आ रहे लोगों की मदद कर रहे हैं।
अमेरिका की सैटेलाइट के स्वामित्व वाली एक कंपनी वायासेट ने बताया है कि यूक्रेन पर रूस का हमला शुरू होने के साथ ही यूरोप में हजारों ‘मॉडेम’ को प्रभावित करने वाले और यूक्रेन की सेना व सरकार द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले उपग्रह नेटवर्क पर साइबर हमले के लिए ‘सॉफ्टवेयर कमांड’ का इस्तेमाल किया गया था। कंपनी के अनुसार इस साइबर हमले ने पोलैंड से लेकर फ्रांस तक के यूजर्स को प्रभावित किया।
रूस-यूक्रेन जंग के बीच अमेरिका ने साफ कह दिया है कि वह सुरक्षा की गारंटी नहीं ले सकते हैं। हालांकि अमेरिकी सरकार ने आर्थिक तौर पर मदद करने का भरोसा दिया है। वहीं रूस ने यूक्रेन में कई लैंड माइन तबाह कर दिए हैं। इससे भारी तबाही की आशंका है।