मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने कहा कि आज शाम मैं दोनों देशों और हमारे लोगों के बीच विशेष बंधन को बनाए रखने और मजबूत करने के लिए मालदीव की दृढ़ प्रतिबद्धता की पुष्टि करता हूं। मालदीव की सरकार और लोग भारत की मित्रता को बहुत महत्व देते हैं और जरूरत के समय आपके देश द्वारा समय पर दी गई सहायता के लिए तहे दिल से आभारी हैं। पड़ोसी और साझेदार होने के नाते आइए हम सहयोग के नए रास्ते तलाशते रहें जो समृद्धि को बढ़ावा दें, साझा मूल्यों को बनाए रखें और हमारे लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करें।
मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने कहा कि भारत लंबे समय से मालदीव का सबसे करीबी और सबसे भरोसेमंद साझेदार रहा है। हमारा सहयोग सुरक्षा और व्यापार से लेकर स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा और उससे भी आगे तक कई क्षेत्रों में फैला हुआ है, जो हमारे नागरिकों के रोजमर्रा के जीवन को प्रभावित करता है। हर दिन सैकड़ों मालदीववासी चिकित्सा देखभाल, शिक्षा और व्यापार के लिए भारत आते हैं। ठीक उसी तरह जैसे हम भारतीय प्रवासियों का गर्मजोशी से स्वागत करते हैं जो हमारी अर्थव्यवस्था और समाज में सार्थक योगदान दे रहे हैं। मेरी सरकार का दृष्टिकोण स्पष्ट है, एक लचीली, समावेशी और दूरदर्शी अर्थव्यवस्था का निर्माण करना जो हमारे युवाओं को सशक्त बनाने, डिजिटल युग में फलने-फूलने और हमारे साझा क्षेत्र में स्थायी शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जीवंत हो। इन लक्ष्यों को प्राप्त करने में भारत की साझेदारी अमूल्य है।
पीएम मोदी ने कहा कि हम दोनों देश ग्लोबल साउथ के सहयोगी हैं। चाहे बुनियादी ढांचा हो या क्षमता निर्माण, मालदीव की विकास यात्रा के हर मोड़ पर भारत एक सच्चा सहयात्री रहा है। अब हमें व्यापार, सुरक्षा और सतत विकास के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहिए। भारत और मालदीव के संबंध विश्वास की नींव पर टिके हैं और सद्भावना पर आधारित हैं। आज, हमने इसके उज्ज्वल भविष्य के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि भारत-मालदीव संबंध सदियों पुराने हैं। हम पड़ोसी, साझेदार और सच्चे मित्र हैं जो जरूरत के समय साथ खड़े रहते हैं। जैसा कि मैंने पहले भी कहा कि मालदीव भारत की पड़ोसी पहले नीति में एक विशेष स्थान रखता है। यह सिर्फ कूटनीति नहीं, बल्कि गहरी आत्मीयता का रिश्ता है। हमारी साझा विरासत मानसून जितनी पुरानी और अद्दू बोंडी जितनी मधुर है। हमारी भाषाएं, हमारी संस्कृति की गहराई को दर्शाती हैं। महल भाषा की धिवेही और मिनिकॉय की जड़ें एक जैसी हैं। धिवेही के कई शब्द भारत से आए हैं। हमारी पसंद भी एक जैसी है... अलग होने के बावजूद बिल्कुल सही। हमारे दोनों देशों के लोगों के बीच सदियों से चले आ रहे प्रेमपूर्ण संबंध आज भी उतने ही मजबूत हैं। इस साल आपके 10 लाख पर्यटक भारतीय थे।
पीएम मोदी ने कहा कि इस वर्ष भारत-मालदीव संबंधों की 60वीं वर्षगांठ भी मनाई जा रही है। इस सुखद संयोग (मालदीव के 60वें स्वतंत्रता दिवस और भारत-मालदीव संबंधों की 60वीं वर्षगांठ) ने मेरी यात्रा को और भी खास बना दिया है।
पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि मालदीव के 60वें स्वतंत्रता दिवस पर मुख्य अतिथि के रूप में यहां आना मेरे लिए सम्मान की बात है। इस निमंत्रण के लिए मैं राष्ट्रपति मुइज्जू का आभार व्यक्त करता हूं। मैं भारत के सभी लोगों की ओर से मालदीव के लोगों को हार्दिक बधाई देता हूं।
मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू द्वारा अपने सम्मान में आयोजित आधिकारिक भोज में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पिछले साल राष्ट्रपति भारत की राजकीय यात्रा पर आए थे। अब मुझे उनके कार्यकाल का पहला राजकीय अतिथि बनने का अवसर मिला है।
मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज़्ज़ू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सम्मान में आयोजित आधिकारिक भोज में कहा कि सबसे पहले मैं नरेंद्र मोदी को भारत के दूसरे सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले प्रधानमंत्री बनने पर हार्दिक बधाई देता हूं। लगातार 4078 दिनों तक पद पर बने रहने की यह उल्लेखनीय उपलब्धि, जनसेवा के प्रति आपकी अटूट प्रतिबद्धता और भारतीय जनता की प्रगति एवं समृद्धि के प्रति आपके समर्पण का प्रमाण है।
रक्षा बल ने प्रदान किया पारंपरिक हैयकोल्हू
मालदीव राष्ट्रीय रक्षा बल (एमएनडीएफ) ने पीएम मोदी को पारंपरिक 'हैयकोल्हू' प्रदान किया। एमएनडीएफ ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में बताया, प्रधानमंत्री मोदी के स्वागत समारोह की भव्यता को बढ़ाते हुए, एमएनडीएफ की ओर से उन्हें पारंपरिक 'हैयकोल्हू' भेंट किया गया, जो आतिथ्य और सम्मान का एक प्रिय मालदीवी प्रतीक है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने ट्वीट किया कि मालदीव के प्रति भारत की प्रतिबद्धता भारत की पड़ोसी पहले नीति और विज़न में एक महत्वपूर्ण साझेदार महासागर। नरेंद्र मोदी ने स्वास्थ्य सेवा, चिकित्सा आपात स्थिति और एचएडीआर में सहायता के लिए मालदीव को भीष्म हेल्थ क्यूब सेट सौंपे।
पीएम मोदी ने ट्वीट में लिखा कि राष्ट्रपति मुइज्जू को भीष्म क्यूब्स भेंट किए गए, जिससे जनसेवा में हमारी साझेदारी की पुष्टि हुई। सहयोग, हित और मैत्री के लिए भारत स्वास्थ्य पहल (भीष्म) समय पर और करुणामयी स्वास्थ्य सेवा प्रदान करने की भारत की प्रतिबद्धता का प्रतीक है। इन तैनात करने योग्य मेडिकल क्यूब्स में आपातकालीन देखभाल के लिए आवश्यक दवाइयां और उपकरण रखे जाते हैं।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने ट्वीट में भारत और मालदीव के बीच हुए समझौतों की सूची जारी की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया कि भारत और मालदीव जलवायु परिवर्तन और पर्यावरणीय क्षरण की चुनौतियों को पूरी तरह समझते हैं। हम स्थिरता को बढ़ावा देने के लिए हर संभव प्रयास करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। माले में राष्ट्रपति मुइज्जू और मैंने पौधे लगाए, जिससे मालदीव सरकार की एक पेड़ मां के नाम पहल और 50 लाख पौधरोपण के संकल्प को बल मिला।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया कि राष्ट्रपति मुइज्जू और मैंने माले में रक्षा मंत्रालय के नए भवन का उद्घाटन किया। यह भारत-मालदीव के मजबूत सहयोग का एक और उदाहरण है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया कि एक बेहद अनमोल दोस्ती का स्मरण! राष्ट्रपति मुइज्जू और मैंने भारत-मालदीव दोस्ती के 60 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में एक डाक टिकट जारी किया। समय के साथ हमारे संबंध और मज़बूत हो रहे हैं और हमारे देशों के लोगों को लाभान्वित कर रहे हैं।
विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने ट्वीट किया कि आज माले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू की उपस्थिति में ऋण सहायता, ऋण चुकौती, एफटीए, मत्स्य पालन और जलीय कृषि, डिजिटल परिवर्तन, फार्माकोपिया और यूपीआई से संबंधित आठ समझौतों का आदान-प्रदान करते हुए प्रसन्नता हुई।
भारत की एनपीसीआई इंटरनेशनल पेमेंट लिमिटेड (एनआईपीएल) और मालदीव मौद्रिक प्राधिकरण (एमएमए) के बीच मालदीव में यूपीआई पर नेटवर्क-टू-नेटवर्क समझौते पर हस्ताक्षर हुए। विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा कि कार्यान्वयन समझौते पर आज हस्ताक्षर किए गए। अब तकनीकी कार्य की आवश्यकता है। तकनीकी कार्य और समझौता ज्ञापन के कार्यान्वयन के पूरा होते ही लोग यूपीआई का उपयोग करने में सक्षम हो जाएंगे।
पीएम नरेंद्र मोदी जब माले में नवनिर्मित मालदीव रक्षा मंत्रालय भवन धोशिमेना भवन का उद्घाटन करने पहुंचे, तो वहां लोगों ने उनका स्वागत किया। इस दौरान नरेंद्र मोदी जिंदाबाद के नारे गूंजे। पीएम मोदी ने जनता का अभिवादन किया।
विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा कि पहलगाम आतंकी हमले की मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने निंदा की। उन्होंने मालदीव के लोगों के समर्थन को दोहराया कि इस हमले के बाद वह भारत के साथ हैं। मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने मालदीव द्वारा सुरक्षा संबंधी मुद्दों को दिए जाने वाले महत्व और दोनों पक्षों द्वारा साथ मिलकर काम करना जारी रखने की प्रतिबद्धता व्यक्त की। दोनों देशों के सुरक्षा अधिकारियों के बीच संपर्क और विभिन्न स्तरों पर जुड़ाव की काफी अहम है। यह एक महत्वपूर्ण मुद्दा बना हुआ है, और हम मालदीव के साथ ऐसे किसी भी मुद्दे पर बहुत निकटता से काम करना जारी रखेंगे जो न केवल हमारी सुरक्षा पर, बल्कि इस क्षेत्र में हमारी साझा सुरक्षा पर भी प्रभाव डाल सकता है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने संयुक्त रूप से मालदीव के माले में नवनिर्मित रक्षा मंत्रालय भवन धोशिमेना भवन का उद्घाटन किया।
माले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का गर्मजोशी से स्वागत करते हुए लोगों ने नरेंद्र मोदी जिंदाबाद के नारे लगाए।
विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा कि दोनों नेता पौधरोपण कार्यक्रम के लिए एक साथ थे, जो भारत में प्रधानमंत्री मोदी द्वारा शुरू की गई पहल 'एक पेड़ मां के नाम' के तहत किया जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने दो भीष्म (सहयोग हित और मैत्री के लिए भारत स्वास्थ्य पहल) क्यूब्स भी सौंपे, जो चिकित्सा आपात स्थितियों में बहुत उपयोगी होंगे।
विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा कि हमने मालदीव को 4850 करोड़ रुपये की नई ऋण सीमा प्रदान करने से संबंधित एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं। यह मालदीव को दी गई पहली भारतीय रुपये में दी गई ऋण सीमा (एलओसी) है। यह ऋण सीमा मालदीव की विकास आवश्यकताओं के लिए सहायता की परंपरा को आगे बढ़ाती है और हमें उम्मीद है कि इस ऋण सीमा (एलओसी) समझौते के परिणामस्वरूप कई बुनियादी ढांचा परियोजनाएं संचालित होंगी, जिससे मालदीव के नागरिकों को लाभ होगा। दोनों पक्षों ने एक अनिवार्य समझौते पर भी हस्ताक्षर किए, जिससे भारत और मालदीव के बीच मौजूदा डॉलर ऋण सीमा में संशोधन हुआ। इस अनिवार्य समझौते पर हस्ताक्षर के साथ, मालदीव की वार्षिक ऋण चुकौती बाध्यता लगभग 51 मिलियन डॉलर से 40 प्रतिशत घटकर 29 मिलियन डॉलर हो जाएगी।
प्रधानमंत्री मोदी की मालदीव यात्रा पर विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा कि सुबह हवाई अड्डे पर आगमन पर प्रधानमंत्री का मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज़्ज़ू और उनके मंत्रिमंडल के सदस्यों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। प्रधानमंत्री को औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया और एक विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रम के साथ उनका स्वागत किया गया। दोपहर में प्रधानमंत्री और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज़्ज़ू ने प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता की। इससे दोनों नेताओं को द्विपक्षीय संबंधों के सभी मुद्दों की समीक्षा करने का अवसर मिला।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मालदीव को भीष्म (सहयोग हित और मैत्री के लिए भारत स्वास्थ्य पहल) क्यूब्स सौंपे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि रक्षा और सुरक्षा के क्षेत्र में आपसी सहयोग, आपसी विश्वास का प्रतीक है। आज उद्घाटित हो रहा रक्षा मंत्रालय का भवन एक विश्वसनीय और ठोस इमारत है। यह हमारी मजबूत साझेदारी का प्रतीक है। हमारी साझेदारी मौसम विज्ञान के क्षेत्र में भी रहेगी। मौसम कैसा भी हो, हमारी दोस्ती हमेशा उज्ज्वल और स्पष्ट रहेगी। मालदीव की रक्षा क्षमताओं के विकास में भारत निरंतर सहयोग करेगा। हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति, स्थिरता और समृद्धि हमारा साझा लक्ष्य है। कोलंबो सुरक्षा सम्मेलन में हम मिलकर क्षेत्रीय समुद्री सुरक्षा को मजबूत करेंगे। जलवायु परिवर्तन हम दोनों के लिए एक चुनौती है। हमने नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा देने का निर्णय लिया है। इस क्षेत्र में भारत मालदीव के साथ अपने अनुभव साझा करेगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने मालदीव के माले में 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत पौधे लगाए।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि अपनी आर्थिक साझेदारी को गति देने के लिए हमने कई कदम उठाए हैं। अपने साझा निवेश को गति देने के लिए हम जल्द ही द्विपक्षीय निवेश संधि को अंतिम रूप देने की दिशा में काम करेंगे। मुक्त व्यापार समझौते पर बातचीत भी शुरू हो गई है। अब हमारा लक्ष्य कागज़ी कार्रवाई से समृद्धि की ओर है। स्थानीय मुद्रा निपटान प्रणाली से हम रुपये और रूफिया के बीच सीधा व्यापार कर पाएंगे। मालदीव में UPI जिस तेजी से गति पकड़ रहा है, उससे पर्यटन और खुदरा व्यापार मजबूत होगा।
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विकास साझेदारी को नई उड़ान देते हुए हमने मालदीव को 565 मिलियन डॉलर (लगभग 5000 करोड़) रुपये की ऋण सहायता देने का निर्णय लिया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि पिछले साल अक्तूबर में राष्ट्रपति मुइज्जू की भारत यात्रा के दौरान हमने व्यापक आर्थिक और समुद्री साझेदारी पर एक दृष्टिकोण साझा किया था। अब यह एक वास्तविकता बन रहा है। यह उसी का परिणाम है कि हमारे संबंध नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं। कई परियोजनाओं का उद्घाटन संभव हो पाया है। भारत के सहयोग से निर्मित 4000 सामाजिक आवास इकाइयां मालदीव के कई परिवारों के लिए एक नई शुरुआत का कारण बनेंगी। ये उनके नए घर होंगे। ग्रेटर माले कनेक्टिविटी प्रोजेक्ट, अड्डू रोड डेवलपमेंट प्रोजेक्ट और हनीमाधू अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का पुनर्विकास - यह पूरा क्षेत्र एक महत्वपूर्ण पारगमन और आर्थिक केंद्र के रूप में उभरेगा। जल्द ही नौका प्रणाली की शुरुआत के साथ विभिन्न द्वीपों के बीच आवागमन आसान हो जाएगा। उसके बाद द्वीपों के बीच की दूरी केवल नौका समय के आधार पर मापी जाएगी, न कि जीपीएस के आधार पर।
मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने कहा कि हमारी प्रमुख ग्रेटर माले कनेक्टिविटी परियोजना भारत और मालदीव के बीच स्थायी साझेदारी के एक प्रतीक के रूप में रहेगी। मैं मालदीव राष्ट्रीय रक्षा बल को 72 वाहन प्रदान करने के लिए भारत के प्रति अपनी हार्दिक सराहना व्यक्त करता हूं। 4000 आवास इकाइयों की परियोजना से शेष 3300 आवास इकाइयों का हस्तांतरण मालदीव में आवास की जरूरतों को पूरा करने की मेरी सरकार की नीति में एक बड़ा कदम है। मैं स्वास्थ्य क्षेत्र में मालदीव के प्रमुख भागीदार के रूप में अपनी भूमिका के लिए भारत सरकार को धन्यवाद देता हूं। भारत मालदीव के पर्यटन के लिए एक प्रमुख स्रोत बाजार बना हुआ है। हमने इस महत्वपूर्ण क्षेत्र को बेहतर सहयोग और कनेक्टिविटी के माध्यम से विस्तारित करने के तरीकों पर चर्चा की। मालदीव कॉप-33 के मेजबान के रूप में भारत को अपना पूरा समर्थन देगा। हम सफल और प्रभावशाली परिणाम के लिए वैश्विक प्रयासों का नेतृत्व करने की भारत की क्षमता को पहचानते हैं।
भारत-मालदीव संबंधों पर बोलते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हमारे लिए दोस्ती हमेशा पहले आती है। भारत मालदीव का सबसे करीबी पड़ोसी है। भारत की पड़ोसी पहले नीति और महासागर विजन में मालदीव का महत्वपूर्ण स्थान है। भारत को मालदीव का सबसे भरोसेमंद दोस्त होने पर गर्व है। चाहे संकट हो या महामारी, भारत हमेशा सबसे पहले उनके साथ खड़ा रहा है। चाहे आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता हो या कोविड के बाद अर्थव्यवस्था को संभालना हो, भारत ने हमेशा साथ मिलकर काम किया है।
मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यह यात्रा दो महत्वपूर्ण अवसरों के साथ हो रही है। प्रधानमंत्री मोदी मालदीव के 60वें स्वतंत्रता दिवस समारोह में मेरे साथ शामिल होंगे। आज हमने मालदीव के बीच औपचारिक राजनयिक संबंधों की स्थापना की 60वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में संयुक्त रूप से एक स्मारक डाक टिकट जारी किया है और आज दोपहर, प्रधानमंत्री मोदी और मैंने व्यापक चर्चा की। प्रधानमंत्री मोदी और मुझे कई प्रमुख क्षेत्रों में चार समझौता ज्ञापनों और तीन समझौतों पर हस्ताक्षर होते देखने का सम्मान प्राप्त हुआ। इनमें 565 मिलियन डॉलर का एक ऋण समझौता भी शामिल है। इसका उपयोग प्रमुख क्षेत्रों में मेरी सरकार की प्राथमिकता वाली परियोजनाओं के लिए किया जाएगा। मुझे भारत और मालदीव के बीच मुक्त व्यापार समझौते पर बातचीत शुरू होने की घोषणा करते हुए खुशी हो रही है। यह ऐतिहासिक पहल हमारी आर्थिक साझेदारी को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने संयुक्त प्रेस संबोधन के बाद हाथ मिलाया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि मैं भारत की जनता की ओर से स्वतंत्रता की 60वीं वर्षगांठ के ऐतिहासिक अवसर पर राष्ट्रपति और मालदीव की जनता को हार्दिक बधाई देता हूं। इस ऐतिहासिक अवसर पर मुझे मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित करने के लिए मैं राष्ट्रपति मुइज्जू का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं। इस वर्ष भारत और मालदीव अपने राजनयिक संबंधों के 60 वर्ष पूरे होने का भी जश्न मना रहे हैं। लेकिन हमारे संबंधों की जड़ें इतिहास से भी पुरानी और समुद्र जितनी गहरी हैं। आज जारी किए गए स्मारक डाक टिकटों में दोनों देशों की पारंपरिक नौकाओं को प्रदर्शित किया गया है। यह दर्शाता है कि हम सिर्फ़ पड़ोसी ही नहीं, बल्कि सह-यात्री भी हैं।
भारत और मालदीव ने कई समझौते किए। इसमें मालदीव को 4,850 करोड़ रुपये की ऋण सीमा (एलओसी) का विस्तार, भारत सरकार द्वारा वित्त पोषित एलओसी पर मालदीव के वार्षिक ऋण चुकौती दायित्वों में कमी, भारत-मालदीव मुक्त व्यापार समझौता (आईएमएफटीए) वार्ता का शुभारंभ, भारत-मालदीव राजनयिक संबंधों की स्थापना की 60वीं वर्षगांठ पर संयुक्त स्मारक डाक टिकट जारी करना, भारत की क्रेता ऋण सुविधाओं के तहत हुलहुमाले में 3,300 सामाजिक आवास इकाइयों को सौंपना, अड्डू शहर में सड़क और जल निकासी प्रणाली परियोजना का उद्घाटन, मालदीव में 6 उच्च प्रभाव सामुदायिक विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, 72 वाहनों और अन्य उपकरणों को सौंपना, शामिल है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू की उपस्थिति में भारत और मालदीव ने कई समझौते किए। भारत सरकार ने मालदीव के रक्षा मंत्रालय को 72 भारी वाहन उपलब्ध कराए।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने माले के रिपब्लिक स्क्वायर में औपचारिक स्वागत की तस्वीरें एक्स पर साझा कीं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने माले में प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता की।
मालदीव के पूर्व राष्ट्रपति और मौमून फाउंडेशन (TMF) के संस्थापक एवं अध्यक्ष मौमून अब्दुल गयूम ने ट्वीट किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मालदीव में हार्दिक स्वागत है। आपका हमारे देश में स्वागत करना हमारे लिए बड़े सम्मान और सौभाग्य की बात है। आपकी यात्रा से दोनों देशों के बीच मित्रता, समझ और सहयोग के गहरे रिश्ते और मजबूत होंगे।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता शुरू हुई।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने ट्वीट किया कि भारत-मालदीव संबंधों के 60 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रिपब्लिक स्क्वायर पहुंचे। जहां उनका गर्मजोशी से स्वागत किया गया और उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। राष्ट्रपति डॉ. मोहम्मद मुइज्जू ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता आगे होगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने माले में बैठक की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मालदीव के माले स्थित रिपब्लिक स्क्वायर पर औपचारिक स्वागत किया गया। मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू भी प्रधानमंत्री मोदी के साथ मौजूद थे।
मालदीव के माले में रक्षा मंत्रालय भवन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का फोटो लगाया गया है।
मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने मालदीव के माले स्थित रिपब्लिक स्क्वायर में विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, विदेश सचिव विक्रम मिस्री और भारत सरकार के अन्य अधिकारियों से मुलाकात की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनका परिचय कराया।
मालदीव में रिपब्लिक स्कवायर पर पीएम मोदी का औपचारिक स्वागत किया गया। इस दौरान भारत और मालदीव के राष्ट्रगान की धुनों के बीच पीएम मोदी का स्वागत किया गया और गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
हिंद महासागर में स्थित मालदीव दक्षिण एशिया का सबसे छोटा देश है। 1200 द्वीपों में फैले इस देश का कुल क्षेत्रफल 298 वर्ग किलोमीटर ही है। मुस्लिम आबादी वाला ये देश हिंद महासागर में अपनी भौगोलिक स्थिति के कारण अहम है। यही वजह है कि हिंद महासागर में अपना प्रभाव बढ़ाने की कोशिश कर रहा चीन लगातार मालदीव में अपना प्रभाव बढ़ाने में जुटा है। हालांकि नजदीकी के चलते मालदीव भारत को भी नजरअंदाज नहीं कर सकता। मोहम्मद मुइज्जू के सत्ता में आने के बाद से भारत के साथ मालदीव के संबंधों में खटास आई है। ऐसे में पीएम मोदी का यह दौरा दोनों देशों के संबंधों के लिहाज से अहम है।
प्रधानमंत्री मोदी ने माले में भारतीय समुदाय से मुलाकात की। पीएम मोदी से मिलकर भारतीय समुदाय बेहद उत्साहित दिखा।
पीएम मोदी के दौरे से उत्साहित मालदीव में भारतीय समुदाय के लोग।
प्रधानमंत्री मोदी की दो दिवसीय मालदीव यात्रा पर मालदीव के पूर्व विदेश मंत्री अब्दुल्ला शाहिद ने कहा, 'मालदीव और भारत के बीच संबंधों ने हमेशा यह दिखाया है कि भारत पहली प्रतिक्रिया देने वाला देश है। जब भी हम अंतरराष्ट्रीय लाइन पर डायल करते हैं, भारत सबसे पहले प्रतिक्रिया देता है। इसके कई कारण हैं। सबसे पहला और सबसे महत्वपूर्ण कारण यह है कि भारतीय लोगों का दिल बड़ा है और वे मालदीव की सहायता के लिए हमेशा तैयार रहते हैं, वे बहुत उदार हैं। दूसरा, भारत भौगोलिक रूप से मालदीव के बहुत करीब है। जब भी मालदीव में कोई आपात और संकटपूर्ण घटना होती है, भारत ने हमें कभी निराश नहीं किया है। भारत सरकार द्वारा मालदीव की सहायता में वृद्धि उनकी उदारता और परिपक्वता को दर्शाती है। कूटनीतिक तनाव के बावजूद, भारत ने फैसला किया कि संबंध लोगों के बीच है और सरकारें बदलती रहती हैं, सत्ता में राजनीतिक दल बदलते रहते हैं लेकिन हमारे दोनों लोगों के बीच मौजूद संबंध ठोस आधार पर हैं और कभी नहीं बदले हैं।'
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने दो दिवसीय दौरे पर मालदीव की राजधानी माले पहुंच गए हैं। हवाई अड्डे पर मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने पीएम मोदी का स्वागत किया। इस दौरान मालदीव के रक्षा मंत्री , विदेश मंत्री और वित्त मंत्री के साथ ही आंतरिक सुरक्षा मंत्री भी पीएम मोदी की आगवानी के लिए हवाई अड्डे पहुंचे। हवाई अड्डे पर पीएम मोदी का भव्य स्वागत किया गया।
पीएम मोदी के मालदीव दौरे पर माले में भारत के उच्चायुक्त जी.बालासुब्रमण्यन ने कहा, 'पीएम मोदी के मालदीव दौरे को लेकर भारतीय समुदाय में काफी उत्साह है। इस दौरे पर दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय वार्ता होगी और विभिन्न मुद्दों पर समझौतों पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। इनमें विभिन्न प्रोजेक्ट के लिए लाइन ऑफ क्रेडिट या मदद दी जाएगी। दूसरे दिन पीएम मोदी मालदीव के राष्ट्रीय दिवस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे।'
पीएम मोदी के दौरे को लेकर मालदीव में रहने वाले भारतीय समुदाय के लोग बेहद उत्साहित हैं। एक भारतीय समुदाय के व्यक्ति ने बताया कि 'पीएम मोदी आज यहां आ रहे हैं और हम उनका स्वागत करने के लिए उत्साहित हैं। मैं यहां बीते 24 वर्षों से रह रहा हूं। मेरे लिए मालदीव दूसरे घर की तरह है।'
पीएम मोदी के दौरे के लिए मालदीव में तैयारियां पूरी हो चुकी हैं और जगह-जगह पीएम मोदी और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मोइज्जू के पोस्टर लगे दिखाई दे रहे हैं।
बता दें कि इससे पहले पीएम मोदी ब्रिटेन के दौरे पर थे। जहां उनकी मौजूदगी में भारत-ब्रिटेन के बीच व्यापक आर्थिक एवं व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। वहीं ब्रिटेन में पीएम मोदी ने अपने ब्रिटिश समकक्ष कीर स्टार्मर और किंग चार्ल्स तृतीय से भी मुलाकात की।