हिंसा की खबरों के बीच, पाकिस्तान में मतदान संपन्न हो गया है।
पीएमएल-एन सुप्रीमो नवाज शरीफ ने मतदाताओं से की बहुमत देने की अपील
इस बीच, पूर्व प्रधानमंत्री पीएमएल-एन सुप्रीमो नवाज शरीफ ने मतदाताओं से उन्हें पूर्ण बहुमत देने की अपील की है। साथ ही उन्होंने गठबंधन सरकार बनाने की संभावना से इनकार किया। प्रांतीय राजधानी लाहौर में अपना वोट डालने के बाद नवाज ने लोगों से ज्यादा से ज्यादा संख्या में मतदान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि देश में स्थिरता लाने के लिए एक-दलीय बहुमत की जरूरत है। उन्होंने कहा कि आज हम जहां हैं, उस दिन को देखने के लिए हमने बलिदान दिया है। हमें दुर्व्यवहार और अभद्रता की इस संस्कृति को खत्म करना होगा। साथ ही उन्होंने उम्मीद जताई कि चुनाव देश में समृद्धि लाएगा जो गंभीर आर्थिक और सुरक्षा चुनौतियों का सामना कर रहा है।
उत्तर पश्चिमी पाकिस्तान में बम हमले में मारे गए 4 पुलिसकर्मी अफगानिस्तान की सीमा से लगे पाकिस्तान के अशांत खैबर-पख्तूनख्वा प्रांत में चुनाव सुरक्षा के लिए तैनात पुलिसकर्मियों के वाहन पर गुरुवार को अज्ञात बंदूकधारियों ने हमला कर दिया। इस हमले में चार पुलिसकर्मी मारे गए और छह अन्य घायल हो गए। पुलिस ने बताया कि हमले के समय वाहन डेरा इस्माइल खान के कलाची पुलिस स्टेशन एरिया में खड़ा था।इन पुलिसकर्मियों को ग्राहा असलम मतदान केंद्र की सुरक्षा के लिए तैनात किया गया था। यह हमला अशांत बलूचिस्तान प्रांत में दोहरे आतंकवादी हमलों में कम से कम 30 लोगों के मारे जाने के एक दिन बाद हुआ। हमले के पीड़ितों के शवों और घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। वहीं, सुरक्षा बलों ने इलाके की घेराबंदी कर तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।
मोबाइल सेवा निलंबन से एजेंसी के काम में बाधा नहीं
पाकिस्तान में मोबाइल सेवाओं के निलंबन के बीच पाकिस्तान के मुख्य चुनाव आयुक्त सिकंदर सुल्तान राजा ने गुरुवार को कहा कि उनकी चुनाव प्रबंधन प्रणाली इंटरनेट पर निर्भर नहीं है। इसके कारण कुछ भी प्रभावित नहीं हुआ है।
पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया।
खैबर पख्तूनख्वा में आतंकी हमला
पाकिस्तान में मतदान के बीच खैबर पख्तूनख्वा में आतंकी हमला हुआ है। इस दौरान पांच पुलिसकर्मियों के मारे जाने की खबर है।
इमरान खान ने जेल से डाला वोट
इस बीच पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने एक पूर्व रिकॉर्डेड संदेश में जनता से अपने मताधिकारों का इस्तेमाल करने को कहा। 71 वर्षीय इमरान खान और जेल में बंद अन्य प्रमुख राजनीतिक हस्तियों ने अदियाला जेल से डाक मतपत्र के जरिए वोट डाला। वहीं पूर्व विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी, पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी परवेज इलाही, अवामी मुस्लिम लीग के प्रमुख शेख राशिद, पूर्व सूचना मंत्री फवाद चौधरी ने डाक से अपना वोट भेजा। इमरान खान की पत्नी बुशरा बीबी मतदान में हिस्सा नहीं ले सकीं।
धांधली के आरोपों के बीच मतदान जारी
पाकिस्तान में आम चुनाव के लिए गुरुवार सुबह आठ बजे मतदान शुरू हुआ। इसमें बड़ी संख्या में लोग हिस्सा ले रहे हैं। मतदान पूरा होने के तत्काल बाद मतों की गिनती शुरू हो जाएगी। इस बीच देश की कार्यवाहक सरकार ने कहा कि पाकिस्तान में बिगड़ते सुरक्षा हालात के कारण मोबाइल सेवाएं अस्थायी रूप से निलंबित कर दी गई हैं। ऐसी खबरें भी हैं कि कराची और पेशावर सहित कुछ शहरों में फोन सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं।
पाकिस्तानी सेना नवाज शरीफ को लाना चाहती है: रक्षा विशेषज्ञ
रक्षा विशेषज्ञ ब्रिगेडियर (सेवानिवृत्त) अनिल गुप्ता ने बताया कि पाकिस्तानी सेना नवाज शरीफ को लाना चाहती है। उन्होंने सुनिश्चित किया है कि कोई विरोध न हो। उन्होंने सुनिश्चित किया है कि वे अपने समर्थन से नवाज शरीफ को प्रधानमंत्री बनाना चाहते हैं। पाकिस्तानी सेना एक बार फिर देश में आतंकवादी संगठनों को मुख्यधारा में लाने की कोशिश कर रही है, जो छद्म नामों के तहत चुनाव लड़ रहे हैं। कश्मीर कोई मुद्दा नहीं है। यह हमेशा भारत का अभिन्न अंग रहेगा। जम्मू-कश्मीर का पूरा राज्य 1947 में भारत में शामिल हो गया था, लेकिन यह पाकिस्तान सरकार थी, जिसने हमले किए और राज्य के कुछ हिस्सों पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया, जो अब भी है। यह एक खूनी चुनाव होने जा रहा है और मतपत्र लूटने, उम्मीदवारों की हत्या या मतदान केंद्रों के बाहर विस्फोट के मामलों के साथ कानून और व्यवस्था की समस्याएं होंगी। इमरान खान की गिरफ्तारी अलोकतांत्रिक है। उन्हें परिस्थितियों का शिकार बनाया गया है।
विदेश मामलों के विशेषज्ञ ने कही यह बात
विदेश मामलों के विशेषज्ञ सुशांत सरीन ने कहा कि पिछले एक सप्ताह से अधिक समय से हमले हो रहे हैं। बलूचिस्तान में हालात सबसे खराब हैं। बलूच क्षेत्रों के साथ-साथ पश्तून क्षेत्रों में भी हालात ऐसे ही हैं। लोग चुनावों में अपनी पहचान नहीं बताते। ऐसी अटकलें हैं कि ये हमले पाकिस्तानी सेना करा रही है। हो सकता है कि वे खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान में चुनाव न चाहते हों। ऐसा माना जा रहा था कि यहां इमरान खान की पीटीआई बेहतर प्रदर्शन कर सकती है। इनमें से कुछ हमलों से यह सुनिश्चित होगा कि मतदान केंद्रों पर मतदान कम हो, जिसका मतलब है कि मतदान सेना की योजना के अनुसार होगा।
चुनावों के नतीजे पहले से तय होते हैं: रक्षा विशेषज्ञ
पाकिस्तान में अशांति पर रक्षा विशेषज्ञ कमर आगा ने कहा कि इन चुनावों के नतीजे पहले से तय होते हैं। प्रधानमंत्री कौन होगा से लेकर प्रत्येक पार्टी कितनी सीटें जीतेगी। यदि आप देख रहे हैं कि दो मुख्य उम्मीदवार हैं- पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ और बिलावल भुट्टो। एक तरफ नवाज शरीफ सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन अगर वह गठबंधन में सरकार बनाते हैं, तो वह अपनी बेटी मरियम को आगे बढ़ा सकते हैं। नवाज शरीफ के पाकिस्तानी सेना के साथ संबंध बेहतर हो गए हैं, उनका परिवार वापस आ गया है। उनके अपराधों को माफ कर दिया गया है। खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान में लगातार से हिंसा हो रही है। भले ही सेना इन चुनावों का प्रबंधन करती हो, सरकार चला रही हो, लेकिन देश में गंभीर आर्थिक संकट और राजनीतिक अस्थिरता को देखते हुए यह बहुत मुश्किल काम होगा।
पाकिस्तान में मोबाइल सेवाएं बंद
पाकिस्तान में मोबाइल सेवाएं को बंद कर दी गईं हैं। मुल्क के आंतरिक मंत्रालय ने बिगड़ती सुरक्षा स्थिति के मद्देनजर देशभर में मोबाइल सेवाओं को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है।
संसदीय आम चुनाव जारी
पाकिस्तान में संसदीय आम चुनाव जारी है। मतदाता मतदान केंद्रों पर पहुंचकर अपना वोट दे रहे हैं।
6,50,000 सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए, 12.85 करोड़ मतदाता
पाकिस्तान निर्वाचन आयोग ने चुनाव कराने के लिए पिछले साल दिसंबर में एक कार्यक्रम जारी किया था और बिगड़ती सुरक्षा स्थिति के बावजूद चुनाव प्रक्रिया को बरकरार रखा था। पाकिस्तान में आम चुनाव के लिए लगभग 6,50,000 सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि इस चुनाव में 12.85 करोड़ से अधिक पंजीकृत मतदाता मतदान करेंगे।
आतंकी हमलों ने बढ़ाई चिंता
इससे पहले आम चुनाव से एक दिन पहले बुधवार को आतंकी हमले हुए। बलूचिस्तान प्रांत में चुनाव कार्यालयों को निशाना बनाकर किए गए दो बम विस्फोटों में कम से कम 30 लोग मारे गए और 40 से अधिक घायल हो गए।
तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के उम्मीदवार निर्दलीय के रूप से चुनाव लड़ रहे
इमरान खान की पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के उम्मीदवार निर्दलीय के रूप से चुनाव लड़ रहे हैं, क्योंकि सुप्रीम कोर्ट ने उनकी पार्टी को उसके चुनाव चिह्न क्रिकेट ‘बल्ला’ से वंचित करने संबंधी निर्वाचन आयोग के फैसले को बरकरार रखा है।
नवाज के साथ बिलावल भी रेस में
ऐसे में चुनाव में 74 वर्षीय शरीफ की नजर रिकॉर्ड चौथी बार प्रधानमंत्री बनने पर होगी। इस मुकाबले में बिलावल भुट्टो-जरदारी की पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) भी शामिल है। बिलावल भुट्टो-जरदारी को पार्टी की ओर से प्रधानमंत्री पद का चेहरा घोषित किया गया है।
Pakistan General Election 2024 Live Updates in Hindi: पाकिस्तान में आम चुनाव के लिए गुरुवार को मतदान हो रहा है। मतदान सुबह आठ बजे शुरू हुआ और शाम पांच बजे तक जारी रहेगा। दावा किया जा रहा है कि प्रधानमंत्री पद की दौड़ में सबसे आगे चल रहे पूर्व पीएम नवाज शरीफ को सेना का समर्थन मिला हुआ है। पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान अभी भी जेल में हैं। ऐसे में शरीफ की पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभर सकती है।